
इंदौर. बिजली बिल बकाया होने और कनेक्शन कटने का झांसा देकर साइबर ठगों ने अन्नपूर्णा क्षेत्र में दो लोगों को निशाना बनाया. आरोपियों ने बिल अपडेट करने के नाम पर मोबाइल पर एपीके फाइल भेजी और बैंक संबंधी जानकारी हासिल कर दोनों खातों से 5.06 लाख रुपए से अधिक की राशि निकाल ली. साइबर पुलिस ने दोनों मामलों में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
अन्नपूर्णा थाना क्षेत्र में रहने वाले इंजीनियर राजेश ने शिकायत में बताया कि 17 जुलाई की रात उनकी पत्नी के मोबाइल पर बिजली बिल जमा नहीं होने और आधे घंटे में कनेक्शन काटने का मैसेज आया था. मैसेज में दिए नंबर पर संपर्क करने पर आरोपी ने खुद को बिजली कंपनी का कर्मचारी बताते हुए ऑनलाइन भुगतान अपडेट नहीं होने की बात कही. इसके बाद आरोपी ने कंज्यूमर नंबर अपडेट करने के लिए एपीके फाइल भेजी. फाइल डाउनलोड नहीं होने पर उसने राजेश का मोबाइल नंबर लेकर दोबारा फाइल भेजी. बाद में सहायता के नाम पर 12 रुपए का ट्रांजेक्शन करने के लिए डेबिट कार्ड की जानकारी और ओटीपी ले लिया. जानकारी मिलते ही कुछ देर बाद खाते से अलग अलग ट्रांजेक्शन के जरिए 4.53 लाख रुपए निकल गए.
वहीं, अन्नपूर्णा क्षेत्र निवासी अंजना शुक्ला ने भी साइबर थाने में शिकायत की है. उन्होंने बताया कि 20 जुलाई की रात उन्हें बिजली बिल बकाया होने का कॉल आया था. आरोपी ने मोबाइल सेटिंग अपडेट करने के नाम पर एपीके फाइल भेजी, जिसके बाद उनके खाते से 53 हजार रुपए से अधिक की राशि निकाल ली गई. दोनों शिकायतों पर साइबर पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. पुलिस बैंक ट्रांजेक्शन और मोबाइल नंबरों की जानकारी जुटा रही है. पुलिस ने लोगों से अपील की है कि बिजली बिल, केवाईसी या बैंक अपडेट के नाम पर भेजी जाने वाली एपीके फाइल डाउनलोड न करें और ओटीपी या बैंक संबंधी जानकारी साझा नहीं करें.
