जयपुर, उत्तर प्रदेश में उजागर हुए एक बड़े नकली दवा रैकेट के तार अब राजस्थान से जुड़ गए हैं। लखनऊ और गोंडा में हुई छापेमारी के दौरान सामने आया है कि इस अवैध सिंडिकेट का मास्टरमाइंड अलवर के खेड़ली का रहने वाला भूपेंद्र शर्मा है, जो पहले भी इसी तरह के मामलों में जेल जा चुका है।
उत्तराखंड से खरीदकर होती थी राज्यों में सप्लाई
ड्रग कंट्रोलर अजय फाटक के मुताबिक, आरोपी बिना किसी वैध लाइसेंस या बिल के उत्तराखंड से बेहद सस्ती नकली एलोपैथिक दवाइयां खरीदते थे। जब्त की गई दवाओं की पैकेजिंग में कई प्रिंटिंग और स्पेलिंग की गलतियां पाई गई हैं, जिन्हें उत्तर प्रदेश के विभिन्न बाजारों में खपाया जा रहा था।
राजस्थान में हाई अलर्ट और विशेष निगरानी
इस खुलासे के बाद ड्रग कंट्रोलर ने राजस्थान के सभी फील्ड अधिकारियों को कड़ा निर्देश जारी कर टेलमा, पैंटोप-40 और मोक्सीजाइड जैसी प्रमुख दवाओं की विशेष निगरानी करने को कहा है। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस खतरनाक नेटवर्क की जड़ें और किन राज्यों तक फैली हुई हैं।

