भोपाल: मध्य प्रदेश के जगदीशपुर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक आयोजित की गई। बैठक की खास बात यह रही कि मुख्यमंत्री, सभी मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी अपने सरकारी काफिले की जगह तीन इलेक्ट्रिक बसों से बैठक स्थल पहुंचे। सरकार ने इसे ईंधन बचत, सादगी और सरकारी संसाधनों के बेहतर उपयोग की दिशा में एक अहम पहल बताया।
बैठक स्थल पर जनजातीय कलाकारों ने लोक नृत्य और पारंपरिक वाद्य यंत्रों से अतिथियों का स्वागत किया। साथ ही जनजातीय संस्कृति पर आधारित प्रदर्शनी का आयोजन भी किया गया, जिसका उद्घाटन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया। बैठक स्थल को जनजातीय वीर नायकों के चित्रों से भी सजाया गया।इस कैबिनेट बैठक में कई अहम प्रस्तावों पर चर्चा और फैसला हो सकता है।
समान नागरिक संहिता (UCC) के ड्राफ्ट में ‘अवैध बच्चा’ या ‘नाजायज औलाद’ जैसे शब्द हटाकर सभी बच्चों को समान कानूनी दर्जा देने का प्रस्ताव रखा गया है। इसके अलावा शादी, तलाक और लिव-इन रिलेशनशिप से जुड़े नए नियमों पर भी कैबिनेट की मुहर लग सकती है।
बैठक में प्रदेश की एकमात्र मेडिकल यूनिवर्सिटी को दो हिस्सों में बांटने का प्रस्ताव भी रखा गया है। इसके बाद भोपाल सहित मध्य और पश्चिम मध्य प्रदेश के मेडिकल कॉलेज उज्जैन मेडिकल यूनिवर्सिटी के अधीन आ सकते हैं। अब प्रदेश की नजर इस कैबिनेट बैठक में लिए जाने वाले अहम फैसलों पर टिकी हुई है।
