नयी दिल्ली, 18 जुलाई (वार्ता) संसद के मानसून सत्र से पहले दो विधेयकों पर गठित संयुक्त संसदीय समितियों (जेपीसी) के अपनी रिपोर्ट को मंजूरी देने का फैसला टालने को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर हमला बोला है।
कांग्रेस संचार विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने शनिवार को सोशल मीडिया ‘एक्स’ पर लिखा कि संसद का मानसून सत्र से पहले दो विवादास्पद विधेयकों पर गठित जेपीसी ने रिपोर्ट को मंजूरी देने के फैसले को टाल दिया है।
उन्होंने कहा कि इनमें से एक विधेयक के लिए संविधान संशोधन की आवश्यकता है, जबकि दूसरा स्पष्ट रूप से संविधान की सीमाओं का अतिक्रमण करने वाला विधेयक है। उनका आरोप है कि गत 17 अप्रैल को मोदी सरकार को लोकसभा में अपमानजनक का सामना करना पड़ा था और उसकी छाया अब भी बनी हुई है।
श्री रमेश ने आरोप लगाते हुए कहा “गृह मंत्री अमित शाह के झांसे, डींग हांकने और डराने-धमकाने के बावजूद सरकार इन दोनों विधेयकों पर जेपीसी की रिपोर्ट को मंजूरी नहीं दिला सकी। यह सरकार की राजनीतिक और संसदीय विफलता का संकेत है।”
