ग्वालियर : आईटीएम यूनिवर्सिटी ग्वालियर का परिसर अमराई सा नजर आया। यहां इतिहास से लेकर भविष्य तक के आमों के ज्ञान के रस का स्वाद बताते वक्ता हों या फिर आम की बहुरंगी किस्मों के बारे में जानने की युवा छात्र-छात्राओं की उत्सुकता अलग ही देखने को मिली। मौका था आईटीएम यूनिवर्सिटी ग्वालियर में दो दिवसीय ‘आमोत्सव-3‘ के अवसर का। मेला, व्यंजन, बतरस, कविता, संगीत, नाटक, चित्रकारी, झूला और ज्ञान सत्रों का आयोजन हुआ।
इस अवसर पर आम पर केंद्रित बहुरंगी-बहुरस उत्सव के तहत प्रथम दिवस ‘मैंगोफेरा इंडिका‘ विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संस्थान के सिथौली कैंपस स्थित डाॅ. राममनोहर लोहिया सभागार में आयोजित इस संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में डाॅ. मनीष श्रीवास्तव (अधिष्ठाता, बागवानी एवं वानिकी महाविद्यालय, आरएलबीएसएयू झांसी) शामिल हुए। वहीं अतिथि के रूप में डाॅ. संजय पाठक (पूर्व अधिष्ठाता, बागवानी महाविद्यालय, आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, अयोध्या) और विशिष्ट वक्तागण के रूप में डाॅ. आशीष यादव (वरिष्ठ वैज्ञानिक, केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान लखनऊ), डाॅ. रामकुमार देवांगन (प्रोफेसर महात्मा गांधी बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय, छत्तीसगढ़) शामिल हुए।
इस अवसर पर आईटीएम यूनिवर्सिटी ग्वालियर के फाउंडर चांसलर रमाशंकर सिंह, प्रो-चांसरल डाॅ. दौलत सिंह चौहान, वाइस चांसलर प्रोफेसर डाॅ. योगेश उपाध्याय, एसओएडी की डीन डाॅ. शमा परवीन, एचओडी डाॅ. जेडी शर्मा, डीन एकेडमिक डाॅ. सोनिया जौहरी, आईटीएम ग्वालियर की निदेशक डाॅ. मीनाक्षी मजूमदार सहित विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, डीन, प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन डाॅ. कल्पना मिश्रा द्वारा किया गया।
