नई दिल्ली, संसद के आगामी मानसून सत्र को लेकर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की आज रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के आवास पर एक उच्च-स्तरीय बैठक हो रही है। 20 जुलाई से शुरू होने वाले इस सत्र के लिए सरकार अपना विधायी एजेंडा अंतिम रूप दे रही है। इस बैठक में सत्र के दौरान पेश किए जाने वाले प्रमुख विधेयकों और सरकार की रणनीतियों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी। सरकार ने 19 जुलाई को सर्वदलीय बैठक भी बुलाई है, ताकि सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से संचालित हो सके।
विपक्ष और राजनीतिक उठापटक का असर
इस सत्र में भारी हंगामे के आसार हैं, क्योंकि हाल के दिनों में कई विपक्षी दलों में हुई टूट और दलबदल ने राजनीतिक माहौल गरमा दिया है। तृणमूल कांग्रेस, शिवसेना (UBT) और आम आदमी पार्टी के सांसदों के पाला बदलने के बाद सदन में समीकरण पूरी तरह से बदल गए हैं। विपक्ष नीट-यूजी पेपर लीक मामले और रक्षा मंत्री की हालिया टिप्पणियों पर सरकार को घेरने की तैयारी कर रहा है, जिससे सत्र के काफी चुनौतीपूर्ण रहने की संभावना है।
महत्वपूर्ण विधेयकों और समितियों पर नजर
संसद में 130वें संविधान संशोधन विधेयक पर भी तीखी बहस छिड़ सकती है, जिसके प्रावधानों को लेकर राजनीतिक गलियारों में हलचल है। इस विधेयक की जांच कर रही संयुक्त संसदीय समिति (JPC) आज अपनी रिपोर्ट को अंतिम रूप दे सकती है। यह सत्र न केवल महत्वपूर्ण विधायी कार्यों के लिए बल्कि हालिया राजनीतिक उथल-पुथल और विपक्षी हमलों के कारण भी काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सरकार और विपक्ष दोनों ही आगामी सत्र के दौरान अपने-अपने मुद्दों को मजबूती से रखने के लिए तैयार हैं।

