मुंबई, 16 जुलाई (वार्ता) अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल में तेजी से गुरुवार को डॉलर की तुलना में रुपये में गिरावट रही और यह आठ सप्ताह के निचले स्तर पर आ गया। कच्चे तेल का मानक लंदन का ब्रेंट क्रूड वायदा आज आधा फीसदी से अधिक चढ़कर 85 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया। साथ ही दुनिया की अन्य प्रमुख मुद्राओं के बास्केट में डॉलर सूचकांक भी 0.1 प्रतिशत से ज्यादा मजबूत हुआ। इन दोनों कारकों ने भारतीय मुद्रा पर दबाव बनाया। अंतरबैंकिंग मुद्रा बाजार में सुबह कुछ देर के लिए बढ़त में रहने के बाद रुपये पर दबाव देखा गया। अंतिम समय में बिकवाली बढ़ने से यह 17 पैसे की गिरावट में 96.42 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ। यह इस साल 20 मई के बाद का इसका निचला स्तर है। पिछले कारोबारी दिवस पर भारतीय मुद्रा नौ पैसे टूटकर 96.25 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुई थी।
रुपये की शुरुआत तीन पैसे की गिरावट में 96.28 रुपये प्रति डॉलर पर हुई थी। बीच कारोबार में यह ऊपर 96.22 रुपये और नीचे 96.42 रुपये प्रति डॉलर तक गया। अंत में 96.42 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ।

