
ग्वालियर। मध्यप्रदेश चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के बहुप्रतीक्षित चुनाव में शुक्रवार को अध्यक्ष पद के लिए मतदान होगा। इस बार मुकाबला बेहद रोचक और प्रतिष्ठा का बन गया है। अध्यक्ष पद पर वर्तमान अध्यक्ष एवं निर्दलीय प्रत्याशी डॉ प्रवीण अग्रवाल का सीधा मुकाबला व्हाइट हाउस के प्रत्याशी पारस जैन से है। पिछले कई सप्ताह से चले सघन जनसंपर्क, बैठकों, व्यापारिक संवाद और चुनावी वादों के बाद अब फैसला व्यापारियों के हाथ में है कि चैंबर की कमान अगले कार्यकाल के लिए किसे सौंपी जाए।
चुनाव को लेकर पूरे व्यापारिक जगत में खासा उत्साह देखा जा रहा है। शहर के प्रमुख बाजारों, औद्योगिक क्षेत्रों और व्यापारिक संगठनों में पूरे दिन चुनावी चर्चाएं होती रहीं। दोनों प्रत्याशियों ने अंतिम समय तक व्यापारियों से संपर्क कर अपने पक्ष में समर्थन जुटाने का प्रयास किया। एक ओर डॉ. प्रवीण अग्रवाल अपने पिछले कार्यकाल की उपलब्धियों और व्यापारी हितों में किए गए कार्यों को आधार बनाकर मतदाताओं से समर्थन मांग रहे हैं, वहीं दूसरी ओर पारस जैन बदलाव, नई कार्यशैली और मजबूत नेतृत्व के वादे के साथ मैदान में हैं।
इस बार का चुनाव इसलिए भी विशेष माना जा रहा है क्योंकि दोनों प्रत्याशियों के समर्थन में अलग-अलग व्यापारिक वर्ग खुलकर सामने आए हैं। चुनाव प्रचार के दौरान व्यापारिक समस्याओं, चैंबर की भूमिका, नए भवन, संगठन की मजबूती और उद्योग-व्यापार से जुड़े मुद्दे प्रमुख रहे। दोनों पक्षों ने अपने-अपने विज़न को व्यापारियों के बीच प्रभावी ढंग से रखने का प्रयास किया।
करीब साढ़े तीन हजार से अधिक मतदाताओं वाले इस चुनाव को चैंबर के इतिहास के सबसे चर्चित चुनावों में गिना जा रहा है। मतदान के बाद सभी की निगाहें मतगणना और परिणाम पर रहेंगी। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या व्यापारी अनुभव और निरंतरता पर भरोसा जताएंगे या फिर परिवर्तन के पक्ष में मतदान करेंगे।
