इंदौर: बाणगंगा थाना क्षेत्र में रिश्तेदारी का भरोसा टूटने का मामला सामने आया है। ननद और ननदोई बीमारी का बहाना बनाकर महिला की एक्टिवा ले गए, लेकिन 45 दिन बाद भी वाहन वापस नहीं लौटाया। बार-बार कहने के बावजूद दोनों टालमटोल करते रहे और बाद में फोन उठाना भी बंद कर दिया। शिकायत पर पुलिस ने अमानत में खयानत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक यादव नंद नगर निवासी नंदिनी पति रोहित धारे की शिकायत पर उनकी ननद प्रियंका परिहार और ननदोई सौरभ, निवासी द्वारका नगर, भोपाल के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है।पीड़िता ने बताया कि करीब डेढ़ माह पहले प्रियंका और सौरभ भोपाल से उनके घर आए थे। उन्होंने नानी सास की तबीयत खराब होने का हवाला देते हुए आने-जाने के लिए वाहन मांगा। रिश्तेदार होने के कारण नंदिनी ने भरोसा कर अपनी एक्टिवा क्रमांक एमपी-09-एआर-6766 उन्हें दे दी।
इसके बाद दोनों वाहन लेकर चले गए, लेकिन वापस नहीं लौटे। पीड़िता ने कई बार फोन कर एक्टिवा लौटाने के लिए कहा, लेकिन आरोपी हर बार बहाना बनाते रहे। बाद में उन्होंने फोन उठाना भी बंद कर दिया। वाहन वापस मिलने की उम्मीद खत्म होने पर नंदिनी ने बाणगंगा थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अमानत में खयानत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
