श्रीनगर, 02 जुलाई (वार्ता) जम्मू-कश्मीर में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने गुरुवार को 1990 में कश्मीरी पंडित नर्स सरला भट की हत्या के मामले में 36 साल बाद आरोपपत्र के दाखिल होने का स्वागत करते हुए राज्य में आतंकवाद से जुड़ी हत्याओं के सभी अनसुलझे मामलों की जांच कराने की मांग की।
जम्मू-कश्मीर में भाजपा के मुख्य प्रवक्ता सुनील सेठी ने एक संवाददाता सम्मेलन में सरला भट को कश्मीर की बेटी और क्षेत्र की मिली-जुली संस्कृति का प्रतीक बताया, जिन्हें तीन दशकों से अधिक समय तक न्याय नहीं मिला।
उन्होंने आरोपपत्र के दाखिल होने से उनके परिवार और समाज में उम्मीद जगने की बात कही। लेकिन उन्होंने इसके साथ यह भी कहा कि पूरा न्याय तभी मिलेगा जब इसके लिए जिम्मेदार लोगों को कानून के सामने लाया जाएगा।
गौरतलब है कि सरला भट के अपहरण, यातना और हत्या के 35 साल से अधिक समय बाद जम्मू-कश्मीर पुलिस की जांच एजेंसी (एसआईए) ने सोमवार को प्रतिबंधित जम्मू-कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (जेकेएलएफ) के पांच सदस्यों के खिलाफ 737 पृष्ठों का आरोपपत्र दाखिल किया। इनमें संगठन के जेल में बंद प्रमुख मोहम्मद यासीन मलिक भी शामिल हैं। आरोपपत्र में नामजद तीन लोगों की मौत हो चुकी है। इस मामले में गोली चलाने वाला आरोपी खुर्शीद चालक पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर भाग गया है। श्री सेठी ने इस अपराध में शामिल हर व्यक्ति पर मुकदमा चलाने की बात कही।
