
नीमच। जिले के रतनगढ़ थाना इलाके के तुमडिय़ा गांव में शुक्रवार को दिनदहाड़े दो नाबालिग बच्चियों के किडनैपिंग की कोशिश की गई। हालांकि, ग्रामीणों ने करीब 25 किलोमीटर तक पीछा कर दोनों बच्चियों को बदमाशों के चंगुल से सकुशल छुड़ा लिया।
लोगों ने घेराबंदी कर तीन में से दो आरोपियों को दबोचकर पुलिस के हवाले कर दिया है, जबकि एक आरोपी भागने में कामयाब रहा। पकड़ाए गए आरोपी भी नाबालिग बताए जा रहे हैं।
खेत से घर लौट रही बच्चियों को जबरन कार में ठूंसा
जानकारी के मुताबिक, 8 और 13 साल की दो सगी बहनें अपने खेत से काम निपटाकर घर लौट रही थीं। तभी रास्ते में एक सफेद रंग की ईको कार (एमपी 44 जेडबी 5881) आकर रुकी। कार से उतरे लडक़ों ने दोनों बच्चियों को जबरदस्ती गाड़ी के अंदर खींच लिया और दरवाजा बंद कर भागने लगे। बच्चियों ने चिल्लाना शुरू किया तो पास के खेत में काम कर रहे ग्रामीण भेरूलाल जटिया और प्रहलाद बैरागी की नजर उन पर पड़ी।
बाइक को मारी टक्कर, ट्रैक्टर अड़ाकर रोका रास्ता
दोनों ग्रामीणों ने बिना वक्त गंवाए अपनी बाइक से कार का पीछा करना शुरू कर दिया। करीब दो किलोमीटर आगे उन्होंने कार के आगे बाइक लगाकर उसे रोकने की कोशिश की, लेकिन बेखौफ बदमाशों ने बाइक को जोरदार टक्कर मारी और उसे घसीटते हुए कार भगा ले गए।
इसके बाद ग्रामीणों ने तुरंत फोन कर आसपास के गांवों के लोगों को अलर्ट कर दिया। आरोपी कार लेकर बिजेपुर, दौलतपुरा और चडोल की तरफ भाग रहे थे, तभी आगे के गांव आटा सरोदा के लोगों ने सूझबूझ दिखाते हुए सडक़ पर एक बड़ा ट्रैक्टर आड़ा खड़ा कर दिया।
कार में मिली दूसरी लडक़ी की चप्पल
रास्ता बंद देखकर बदमाशों को गाड़ी रोकनी पड़ी। 25 किलोमीटर तक पीछा कर रहे और आगे रास्ता रोके खड़े ग्रामीणों ने साहस दिखाते हुए कार को चारों तरफ से घेर लिया और दो आरोपियों को पकड़ लिया, जबकि उनका एक साथी चकमा देकर भाग निकला।
बड़े गिरोह के शामिल होने की आशंका
कार की तलाशी लेने पर पुलिस को अंदर एक और लडक़ी की चप्पल और खिड़कियों पर लगाने वाले गत्ते मिले हैं, जिससे किसी बड़े गिरोह का शक जताया जा रहा है। नाराज ग्रामीणों ने दोनों आरोपियों को पहले जाट पुलिस चौकी और फिर रतनगढ़ थाने सौंपा। घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण और पीडि़त परिवार थाने पहुंचे और सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर फरार आरोपी की तलाश में जुट गई है।
