इंदौर: आईडीए में कल दो अधिकारियों के बीच जमकर कुर्सी को लेकर झगड़ा हुआ. मामला इतना बड़ा कि भोपाल तक पहुंच गया. मामला भोपाल तक पहुंचने के बाद केबिन में ताले तक डाल दिए गए. मामला अभी भी अधर में लटका हुआ है कि आईडीए के लेखा विभाग की कुर्सी का हकदार होगा कौन?आईडीए में गुरुवार को दो अधिकारियों के बीच किस्सा कुर्सी का वाली कहावत चरितार्थ हो गई. आईडीए के लेखा अधिकारी भूपेंद देव परमार और नई पदस्थ दिव्या शर्मा के बीच कुर्सी को लेकर चेयर रेस का खेल चला.
दरअसल मामला यूं है कि भोपाल से लेखा अधिकारी दिव्या शर्मा को तबादला कर इंदौर आईडीए में पदस्थ किया गया. वहीं, आईडीए सीईओ ने वर्तमान लेखा अधिकारी को रिलीव नहीं किया. मामले में भोपाल वित्त सचिव तक मामला पहुंचा कि रिलीव नहीं किया और चार्ज नहीं दिया जा रहा है. भोपाल से सीईओ को कॉल आया और उन्होंने परमार को रिलीव कर दिया. इस बीच दिव्या शर्मा गुरुवार को आईडीए में लेखा अधिकारी के केबिन में बिना चार्ज लिए कुर्सी पर बैठ गई. इस पर परमार ने कहा कि मुझे रिलीव नहीं किया और मैं अभी आईडीए का लेखा अधिकारी हूं, यह कुर्सी मेरी है.
दोनों को सीईओ ने बुलाया और परमार को रिलीव कर दिया. परमार ने इसी दौरान अपने अधीनस्थ को बोलकर मैडम का बैग एवं समान बाहर रखवाकर केबिन में ताला जड़ दिया. बताया जाता है कि भूपेंद्र परमार तबादले के खिलाफ हाईकोर्ट से स्टे लेने पहुंच गए है. अब देखना यह है कि दिव्य शर्मा आईडीए लेखा अधिकारी का केबिन खुलता है या वर्तमान लेखा अधिकारी परमार स्थगन लेकर वापस यही बैठेंगे?
