इंदौर:जोन-3 पुलिस ने सामुदायिक पुलिसिंग के तहत मेरा मोहल्ला, नो हो हल्ला अभियान चलाकर 50 आदतन अपराधियों को थाने बुलाया. यहां सभी की काउंसलिंग की गई और मोहल्ले को अपराध मुक्त रखने का संकल्प दिलाया.थाना तुकोगंज में आयोजित सत्र में तुकोगंज, कोतवाली और एमजी रोड थाना क्षेत्र के गुंडा तत्व, निगरानी बदमाश और आदतन अपराधी शामिल हुए. डीसीपी जोन 3 अभिषेक रंजन, एसीपी विनोद दीक्षित और टीआई जितेंद्र चौहान ने सीधे तौर पर अपराध के नुकसान गिनाए.
उन्हें बताया कि अपराध के बाद परिवार टूटता है, समाज में बदनामी होती है और कानूनी परेशानियां जीवनभर पीछा नहीं छोड़तीं. सत्र के दौरान कई अपराधियों ने अपने अनुभव साझा किए और अपराध की राह पर चलने से हुई परेशानी को खुलकर बताया. पुलिस अधिकारियों ने समझाइश दी कि अगर वाकई सुधार चाहते हैं तो अपने मोहल्ले को सुरक्षित रखें और युवाओं को गलत रास्ते पर जाने से रोकें. इसके बाद सभी 50 अपराधियों ने एक स्वर में संकल्प लिया कि वे खुद अपराध से दूर रहेंगे और क्षेत्र में किसी भी तरह की आपराधिक गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देंगे.
मेरा मोहल्ला, नो हो हल्ला का नारा देते हुए उन्होंने इलाके में शांति बनाए रखने का भरोसा दिलाया. कार्रवाई के तहत पुलिस ने सभी आदतन अपराधियों के डोजियर अपडेट कराए, रेड और येलो नोटिस तामील कराए गए. साथ ही बीट प्रभारियों को लगातार ऐसे लोगों से संपर्क में रहकर सामुदायिक संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए. पुलिस के इस सत्र को पुलिस की पाठशाला का नया रूप माना जा रहा है, जहां सख्ती के साथ साथ सुधार और समाज से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है.
