नयी दिल्ली, 27 मई (वार्ता) राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने पूर्वी दिल्ली के न्यू अशोक नगर इलाके के एक घर में सीवेज टैंक की सफाई करते समय एक मजदूर की मौत और दूसरे के बेहोश होने की खबरों का स्वत: संज्ञान लेते हुए दिल्ली म्युनिसिपल कमिश्नर और पुलिस कमिश्नर को नोटिस जारी करके दो हफ़्ते के अंदर मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
आयोग की बुधवार को जारी विज्ञप्ति में 24 मई को हुई इस घटना पर मीडिया की खबरों का हवाला देते हुए कहा है कि घर के मालिक ने एक ठेकेदार को काम दिया था, जिसने दो मजदूरों को काम पर लगाया था। ठेकेदार ने बचाव के लिए साजो-सामान, ऑक्सीजन मास्क या सुरक्षा किट नहीं दी थी।
आयोग का कहना है कि अगर खबरों में उल्लिखित बातें सच हैं, तो यह मानवाधिकार के उल्लंघन का एक गंभीर मुद्दा बनता है। इसलिए, उसने दिल्ली म्युनिसिपल कमिश्नर और पुलिस कमिश्नर को नोटिस जारी करके दो हफ़्ते के अंदर मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट में मामले की जांच की स्थिति और मरने वाले व्यक्ति के निकटतम संबंधी और घायल मजदूर को दिए गए मुआवज़ा मिलने या न मिलने की जानकारी देने को कहा गया है।
इस घटना के बारे में 26 मई को मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों वर्कर टैंक में घुसने के कुछ ही मिनटों में कथित तौर पर बेहोश हो गए। उन्हें हॉस्पिटल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने एक को मृत घोषित कर दिया, जबकि दूसरे की हालत गंभीर बनी हुई है।
