
चंडीगढ़। पंजाब भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा उम्मीदवारों के नामांकन पत्र बड़े पैमाने पर रद्द किये जाने का आरोप लगाते हुए कहा कि भगवंत मान सरकार पर लोकतंत्र को कमजोर कर रही है। श्री जाखड़ ने सोमवार को चंडीगढ़ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा कि भाजपा इस मामले को अदालत में ले जाएगी और आम आदमी पार्टी सरकार को ‘अनुचित तरीकों से चुनाव लूटने’ नहीं देगी। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन क्षेत्रों में भाजपा मजबूत स्थिति में थी, वहां पार्टी उम्मीदवारों के नामांकन जानबूझकर खारिज किये गये। बटाला में 21, मोगा में 10, बरनाला में 11 और धूरी में तीन भाजपा उम्मीदवारों के नामांकन पत्र रद्द किये गये हैं। उन्होंने दावा किया कि इन नामांकन पत्रों को बिना किसी ठोस आधार के खारिज किया गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार वही ‘साम, दाम, दंड, भेद’ की राजनीति अपना रही है, जिसका जिक्र पहले आम आदमी पार्टी नेता मनीष सिसोदिया कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी अधिकारी निष्पक्ष चुनाव कराने की बजाय राजनीतिक एजेंट की तरह काम कर रहे हैं। भाजपा नेता ने कहा कि पार्टी ऐसे अधिकारियों का विवरण एकत्र कर रही है और सरकारी मशीनरी के कथित दुरुपयोग का कड़ा विरोध करेगी। उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान को लोकतांत्रिक परंपराओं की अनदेखी न करने की चेतावनी भी दी। श्री जाखड़ ने मुख्यमंत्री द्वारा उद्घाटन किये गये भूमिगत बिजली केबल प्रोजेक्ट के टेंडर प्रक्रिया की जांच की मांग भी उठाई। उन्होंने आरोप लगाया कि इस परियोजना का टेंडर उस समय मंजूर किया गया था, जब एक पूर्व बिजली मंत्री, जो फिलहाल भ्रष्टाचार के आरोपों में जेल में हैं, विभाग संभाल रहे थे। उन्होंने यह भी दावा किया कि चंडीगढ़ के आसपास सीएलयू (चेंज ऑफ लैंड यूज) से जुड़े मामलों की जांच एजेंसियों की नजर में है और आने वाले समय में सरकार से जुड़े कई भ्रष्टाचार मामलों का खुलासा होगा।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा किसानों को दी जा रही खाद सब्सिडी का भी जिक्र किया। खाड़ी क्षेत्र में तनाव के कारण डीएपी और यूरिया की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में भारी बढ़ोतरी हुई है, लेकिन इसके बावजूद केंद्र सरकार किसानों को बिना बाधा खाद उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। भारत लगभग 100 रुपए प्रति किलो की दर से यूरिया आयात कर रहा है, जबकि किसानों को यह केवल छह रुपये प्रति किलोग्राम में उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार प्रति बैग यूरिया पर 4,250 रुपये और डीएपी पर 3,200 रुपये की सब्सिडी दे रही है। उन्होंने बताया कि पंजाब में हर साल 6.88 करोड़ बैग यूरिया और 1.60 करोड़ बैग डीएपी की खपत होती है। मौजूदा सब्सिडी दरों के आधार पर पंजाब के किसानों को इस वर्ष लगभग ₹32,000 करोड़ की खाद सब्सिडी मिलने का अनुमान है।
पेट्रोलियम कीमतों पर पूछे गये सवाल के जवाब में श्री जाखड़ ने कहा कि भारत में ईंधन कीमतों में वृद्धि अन्य देशों की तुलना में काफी कम रही है। उनके मुताबिक भारत में ईंधन कीमतों में केवल 3 प्रतिशत वृद्धि हुई, जबकि पाकिस्तान में 42 प्रतिशत, नेपाल में 39.5 प्रतिशत, अमेरिका में 35 प्रतिशत, यूएई में 40 प्रतिशत और श्रीलंका में 33 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है। श्री जाखड़ ने इसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘प्रभावी नेतृत्व’ का परिणाम बताते हुए कहा कि वैश्विक संकट के बावजूद भारत में किसानों को खाद, डीजल और पेट्रोल अपेक्षाकृत स्थिर कीमतों पर उपलब्ध हो रहे हैं। उन्होंने लोगों से संसाधनों के संरक्षण और जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग की अपील भी की।
