
नयी दिल्ली, 12 मई (वार्ता) भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) सांसद पी संदोष कुमार ने नीट यूजी 2026 परीक्षा पेपर लीक के बाद परीक्षा रद्द जाने पर केंद्र सरकार और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीईए) की कड़ी आलोचना की है। श्री कुमार ने अपने बयान में कहा कि इस फैसले से लाखों छात्रों का भविष्य अनिश्चितता और मानसिक तनाव में धकेल दिया गया है। लगातार हो रहे पेपर लीक, परीक्षा घोटालों और परीक्षाओं के रद्द होने की घटनाओं ने मौजूदा शासन में परीक्षा प्रणाली की पूरी विफलता को उजागर कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि कठिन परिस्थितियों में मेहनत और उम्मीद के साथ तैयारी करने वाले छात्रों को भ्रष्टाचार, अयोग्यता और भेदभावपूर्ण व्यवस्था का शिकार बनाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने बार-बार छात्रों की आकांक्षाओं को कुचला है और ऐसी केंद्रीकृत व्यवस्था को बढ़ावा दिया है जिससे कोचिंग संस्थानों और विशेषाधिकार प्राप्त वर्ग को फायदा मिलता है, जबकि गरीब, ग्रामीण और हाशिए पर रहने वाले छात्र नुकसान उठाते हैं। उनके मुताबिक, नीट सामाजिक और संस्थागत दोनों स्तरों पर असफल साबित हुआ है। भाकपा सांसद ने नीट और एनटीए को समाप्त किऐ जाने तथा परीक्षा प्रणाली को विकेंद्रीकृत, लोकतांत्रिक और पारदर्शी बनाए जाने की मांग जिससे सामाजिक न्याय और राज्यों के अधिकारों का सम्मान हो। उन्होंने शीर्ष न्यायालय की निगरानी में जांच कराने और छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की भी मांग की।
