बेरूत, 10 मई (वार्ता) लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि इजरायल द्वारा लेबनान में किए गए भीषण हमलों में 39 लोग मारे गए। यह जानकारी बीबीसी ने रविवार को दी। मंत्रालय ने कहा कि दक्षिणी शहर सकसाकियाह पर हुए एक इजरायली हमले में एक बच्चे सहित कम से कम सात लोग मारे गए।
इजरायली रक्षा बलों (आईडीएफ) ने कहा कि वह लेबनानी सशस्त्र समूह हिजबुल्लाह को निशाना बना रहा था और निर्दोष नागरिकों को हुए नुकसान की रिपोर्टों से अवगत था।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा 16 अप्रैल को इजरायल और लेबनान की सरकारों के बीच युद्धविराम समझौते की घोषणा के बाद से इजरायली सेना और हिजबुल्लाह के बीच गोलीबारी जारी है। इजरायल के अधिकांश हवाई हमले दक्षिणी लेबनान में हुए हैं और आईडीएफ का कहना है कि वह ईरान समर्थित मिलिशिया और राजनीतिक दल हिजबुल्लाह से जुड़ी अवसंरचना और लोगों को निशाना बना रही है।
शनिवार को लेबनान की सरकारी समाचार एजेंसी नेशनल न्यूज एजेंसी (एनएएनए) ने सकसाकियाह सहित पूरे दक्षिण में इजरायली हमलों की सूचना दी।
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि इस हमले में “शुरुआती तौर पर सात लोग मारे गए, जिनमें एक लड़की भी शामिल है और 15 लोग घायल हुए हैं, जिनमें तीन बच्चे भी शामिल हैं”।
आईडीएफ ने कहा कि उसने इलाके में सैन्य उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल की जाने वाली एक इमारत के अंदर से सक्रिय हिजबुल्लाह आतंकवादियों पर हमला किया। उसने आगे कहा, “हमले से पहले, नागरिकों को होने वाले नुकसान के जोखिम को यथासंभव कम करने के लिए कदम उठाए गए, जिनमें सटीक गोलाबारी और हवाई निगरानी शामिल हैं।”
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, पिछले सप्ताह इजरायली हमलों में पूरे देश में 120 से अधिक लोग मारे गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। मंत्रालय लड़ाकों एवं नागरिकों में कोई अंतर नहीं करता है।
इजरायली सेना ने सीमा के साथ लेबनानी भूमि की एक पट्टी पर भी कब्जा कर रखा है और अधिकारियों का कहना है कि इसका उद्देश्य इजरायल के उत्तरी समुदायों की रक्षा के लिए हिजबुल्लाह-मुक्त सुरक्षा क्षेत्र बनाना है।
इन क्षेत्रों में पूरे-पूरे गांव तबाह हो गए हैं, ये कार्रवाईयां गाजा में इजरायली सेना द्वारा की गई कार्रवाइयों के समान हैं। मानवाधिकार समूहों का कहना है कि कुछ मामले युद्ध अपराध की श्रेणी में आ सकते हैं।
इस बीच, हिज़्बुल्लाह ने लेबनान और उत्तरी इज़रायल में इज़रायली सैनिकों पर रॉकेट और ड्रोन से हमला किया। समूह ने कहा कि उसने लगातार हो रहे इज़रायली हमलों के जवाब में शनिवार को उत्तरी इज़रायल को ड्रोन से निशाना बनाया।
इजरायली सेना ने कहा कि उसने उत्तरी सीमा के पास हिजबुल्लाह आतंकवादी संगठन द्वारा लॉन्च किए गए एक विस्फोटक ड्रोन की पहचान की है। उसने कहा कि हमले में सेना के तीन आरक्षित सैनिक घायल हुए हैं, जिनमें से एक की हालत गंभीर है।
नवंबर 2024 में हुए संघर्ष को समाप्त करने के लिए इज़रायल और हिज़्बुल्लाह एक युद्धविराम समझौते पर सहमत हुए थे, जिसके बाद इज़रायल ने लगभग हर दिन उन लक्ष्यों और लोगों पर हमले किए, जिनके बारे में उसका दावा था कि वे हिज़्बुल्लाह से जुड़े हुए हैं।
28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर हमला करने और ईरान के सर्वोच्च नेता की हत्या करने के बाद, हिजबुल्लाह ने दो मार्च को जवाबी कार्रवाई में इजरायल पर रॉकेट और ड्रोन से हमला किया।
इसके जवाब में, इज़रायल ने लेबनान पर हवाई हमले किए। इज़रायली सेना मार्च की शुरुआत में दक्षिणी लेबनान में फिर से दाखिल हुई, जहां उन्होंने गांवों को नष्ट कर दिया और लेबनानी क्षेत्र के 10 किलोमीटर हिस्से पर कब्ज़ा कर लिया।
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, दो मार्च से अब तक लेबनान में कुल 2,795 लोगों की मौत हो चुकी है। इजरायली अधिकारियों ने कहा कि दक्षिणी लेबनान में 17 सैनिक और एक नागरिक मारे गए हैं, साथ ही उत्तरी इजरायल में दो नागरिक भी मारे गए हैं।
