ईरान के विदेश मंत्री अराघची ने अमेरिकी प्रशासन पर शांति वार्ता के बीच सैन्य कार्रवाई करने का बड़ा आरोप लगाया है। डोनाल्ड ट्रंप ने भी चेतावनी दी है जिससे तनाव चरम पर है।
ईरान और अमेरिका के बीच चल रहा भारी तनाव अब एक बहुत ही खतरनाक और नाजुक मोड़ पर पहुंच चुका है। ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने हालिया अमेरिकी सैन्य कार्रवाई और नीतियों पर जमकर अपना गुस्सा पूरी दुनिया के सामने निकाला है। उनका कड़ा कहना है कि जब भी कूटनीतिक समाधान और शांति की बात आती है, अमेरिका हमेशा एक लापरवाह सैन्य अभियान शुरू कर देता है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को किसी के बहकावे में आने और दबाव बनाने की इस भद्दी रणनीति पर कड़े सवाल उठाए हैं।
अराघची ने X प्लेटफॉर्म पर साफ लिखा कि कारण चाहे जो भी हो लेकिन ईरानी नागरिक कभी भी ऐसे अमेरिकी दबाव के आगे झुकने वाले नहीं हैं। यह तीखा बयान ठीक तब आया जब अमेरिका ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में अपने तीन नौसैनिक जहाजों पर ईरानी हमलों को पूरी तरह नाकाम करने का दावा किया। अमेरिकी सेना के सेंट्रल कमांड ने साफ कहा है कि उसने उकसावे रहित ईरानी हमलों को रोका और जवाबी कार्रवाई में कई ईरानी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। हालांकि अमेरिका ने यह भी स्पष्ट किया है कि वह यह तनाव बढ़ाना बिल्कुल नहीं चाहता लेकिन उसके बल अपनी सुरक्षा के लिए पूरी तरह से तैयार खड़े हैं।
तेहरान में तेज धमाकों की गूंज और ट्रम्प का लव ट्रैप वाला बयान
दूसरी ओर ईरानी सरकारी मीडिया के नए दावों के अनुसार केश्म द्वीप पर ईरानी बलों और दुश्मनों के बीच काफी देर तक भारी गोलीबारी देखी गई है। इसके अलावा देश की राजधानी तेहरान में भी देर रात बहुत तेज धमाकों और लगातार हवाई सुरक्षा फायरिंग की आवाज़ें दूर तक सुनी गई हैं। इन सभी गंभीर सैन्य घटनाओं और हमलों के बावजूद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अभी भी दोनों देशों के बीच संघर्षविराम को पूरी तरह से कायम बता रहे हैं।
ट्रंप का लव टैप वाला बयान
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर की गई इस जवाबी कार्रवाई को बहुत ही हल्का सा जवाब बताया। ट्रंप ने बड़ी बेबाकी से कहा कि दोनों देशों के बीच यह शांति समझौता और कूटनीतिक समाधान अब किसी भी दिन बहुत आसानी से हो सकता है। लेकिन ट्रंप ने यह भी कड़ी चेतावनी दी अगर ईरान ने तेल और गैस आपूर्ति बहाल करने वाले समझौते को स्वीकार नहीं किया तो उसे भारी दर्द झेलना पड़ेगा।
