इंदौर: शहर के महू नाका चौराहे पर शुक्रवार दोपहर भाजपा नेता और ट्रैफिक पुलिस के बीच विवाद हो गया. विवाद का कारण भाजपा नेता पर पुलिस कर्मी द्वारा हाथ उठाना बताया जा रहा है. इसके बाद भाजपा विधायक और नगर अध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं के साथ महू नाका पर हंगामा और प्रदर्शन शुरू कर दिया. मामले में वरिष्ठ अधिकारियों ने टीआई को कार्यालय में अटैच और दो पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया.
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर भाजपा के विधानसभा-4 प्रभारी वीरेंद्र शेंडके बाइक से महू नाका से गुजर रहे थे. सिग्नल पार करने के दौरान पुलिसकर्मी ने शेंडके को रोका, लेकिन बाइक नहीं रुकी तो उन पर हाथ उठा दिया. वहीं ट्रैफिक पुलिसकर्मियों का आरोप था कि वीरेंद्र शेंडके मोबाइल पर बात करते हुए वाहन चला रहे थे. इसके बाद यातायात पुलिस और शेंडके के बीच विवाद बढ़ गया. शेंडके ने ट्रैफिक पुलिसकर्मियों पर अभद्रता और मारपीट का आरोप लगाया. घटना के बाद बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए और जमकर हंगामा किया. कार्यकर्ता सडक¸ पर बैठ गए, जिससे लंबा जाम लग गया. कार्यकर्ता संबंधित महिला टीआई व पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने लगे.
हालात संभालने अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया
मामला बढ़ता देख ट्रैफिक विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे. हालात संभालने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करना पड़ा. अधिकारियों ने सीसीटीवी और वीडियो फुटेज की जांच की. बताया जा रहा है कि जांच में वीरेंद्र शेंडके मोबाइल पर बात करते हुए नजर नहीं आए. इसके बाद भाजपा कार्यकर्ता महिला टीआई और अन्य पुलिसकर्मियों को सस्पेंड करने की मांग पर अड़ गए. इस पर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने कार्रवाई कर दो ट्रैफिक पुलिसकर्मियों कॉन्स्टेबल शेखर और सूबेदार लक्ष्मी को निलंबित कर दिया. वहीं, ट्रैफिक टीआई राधा यादव को कार्यालय में अटैच कर दिया है.
शेंडके ने कहा- मुझे चांटा मारा गया
इस मामले में भाजपा नेता वीरेंद्र शेंडके ने कहा कि मुझे रोकने के दौरान चांटा मारा गया. इसका यातायात पुलिस को अधिकार नहीं है. सीसीटीवी फुटेज में मैं मोबाइल पर बात करते हुए भी नहीं पाया गया. शहर में यातायात पुलिस द्वारा महू नाका चौराहे को अवैध वसूली का अड्डा बना रखा है. यातायात पुलिस की वसूली से आम जनता भी बहुत परेशान है.
मामले की जांच चल रहीः टी आई
टीआई राधा यादव का इस मामले में कहना है कि विवाद की शुरुआत के समय वह मौके पर मौजूद नहीं थीं. वह बैठक से लौटते समय सूचना मिलने पर वहां पहुंचीं. उन्होंने कहा कि सीसीटीवी फुटेज से यह स्पष्ट हो जाएगा. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.
