ग्वालियर: ग्वालियर-भिंड क्षेत्र से एक बेहद असामान्य पारिवारिक मामला सामने आया है, जिसने कोर्ट तक का दरवाजा खटखटाया। एक ही परिवार के भीतर रिश्तों को लेकर ऐसा विवाद हुआ कि मामला सीधे हाईकोर्ट पहुंच गया। मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने इसे “निजी पारिवारिक विवाद” बताते हुए याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि ऐसे मामलों से न्यायालय और पुलिस का समय बर्बाद होता है। साथ ही याचिकाकर्ता पर 1000 रुपए का जुर्माना भी लगाया गया।
जानकारी के मुताबिक, परिवार में देवरानी अपने जेठ के साथ रहना चाहती थी, जबकि जेठानी को देवर पसंद था। इसी विवाद ने तूल पकड़ लिया और मामला कोर्ट तक पहुंच गया।
कोर्ट के आदेश पर पुलिस दोनों पक्षों को लेकर पेश हुई, लेकिन सुनवाई के दौरान ही स्थिति स्पष्ट हो गई कि यह घरेलू विवाद है, जिसे कानूनी रूप देने की कोशिश की जा रही है।
न्यायालय ने साफ कहा कि व्यक्तिगत रिश्तों के ऐसे मामलों को कोर्ट में लाकर समय बर्बाद नहीं करना चाहिए। इन्हें आपसी समझ से सुलझाना बेहतर है।
