विनेश फोगाट के दावे के 4 घंटे बाद डब्ल्यूएफआई का जवाब: नहीं बदला जाएगा रेसलिंग टूर्नामेंट का वेन्यू

नयी दिल्ली, 03 मई (वार्ता) गोंडा में होने वाले नेशनल कुश्ती टूर्नामेंट को लेकर विवाद बढ़ गया है। विनेश फोगाट ने सुरक्षा और पक्षपात की आशंका में स्थल बदलने की मांग की, जिसे डब्ल्यूएफआई अध्यक्ष संजय सिंह ने ठुकराते हुए खुद सुरक्षा की गारंटी ली है। वहीं, विनेश ने चेतावनी दी है कि किसी भी अप्रिय घटना के लिए सरकार जिम्मेदार होगी। 10-12 मई तक होने वाले इस टूर्नामेंट में विनेश 57 किलो वर्ग में हिस्सा लेंगी।

भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष संजय सिंह ने साफ कहा कि गोंडा में होने वाले नेशनल ओपन रैंकिंग टूर्नामेंट का स्थान नहीं बदला जाएगा और उन्होंने विनेश फोगाट की सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी ली है। ये भरोसा तब दिया गया जब विनेश ने सुरक्षा और पक्षपात को लेकर चिंता जताई थी। विनेश ने रविवार को चेतावनी दी कि अगर गोंडा में होने वाले टूर्नामेंट के दौरान उनके या उनकी टीम के साथ कुछ गलत होता है तो इसके लिए भारत सरकार जिम्मेदार होगी। साथ ही उन्होंने मुकाबलों में पक्षपात की भी आशंका जताई। विनेश ने करीब 18 महीने बाद वापसी से पहले एक वीडियो में कहा कि बृज भूषण शरण सिंह से जुड़े स्थान पर होने वाली प्रतियोगिता के नतीजों पर डब्ल्यूएफआई के पूर्व अध्यक्ष के करीबी लोग असर डाल सकते हैं।

संजय सिंह ने एक बयान में कहा, ‘अगर विनेश को अपनी सुरक्षा की चिंता है तो मैं उन्हें भरोसा दिलाता हूं कि मैं खुद इसकी गारंटी लेता हूं। हमारे पास यूडब्ल्यूडब्ल्यू से मान्यता प्राप्त रेफरी हैं और सभी मुकाबलों की रिकॉर्डिंग होती है, इसलिए पक्षपात की कोई गुंजाइश नहीं है। ‘’ उन्होंने कहा, ‘ये ओपन टूर्नामेंट है, इसमें भाग लेना या न लेना विनेश फोगाट का फैसला है। हम आयोजन स्थल नहीं बदलेंगे।’’ टूर्नामेंट 10 से 12 मई तक चलेगा। पहले दिन पुरुषों के फ्रीस्टाइल ट्रायल होंगे, फिर ग्रीको-रोमन (11 मई) और महिलाओं की स्पर्धा (12 मई) होगी। विनेश 57 किलो वर्ग में उतरेंगी। उन्होंने दिन में अपनी चिंता जाहिर की थी।

 

 

Next Post

एफपीआई ने अप्रैल में पूंजी बाजार से निकाले 70,449 करोड़ रुपये

Sun May 3 , 2026
मुंबई, 03 मई (वार्ता) विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफपीआई) ने अप्रैल में भारतीय पूंजी बाजार से 70,449 करोड़ रुपये की शुद्ध निकासी की। शुद्ध निकासी एफपीआई द्वारा पूंजी बाजार में लगायी गयी पूंजी और निकाली गयी पूंजी का अंतर है। यह लगातार दूसरा महीना है जब एफपीआई बिकवाल रहे हैं। इससे […]

You May Like