इंदौर: सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए एआई का उपयोग बढ़ाने की योजना पर काम करें. साथ सड़क सुरक्षा के स्थाई कर्मचारियों की अलग टीम और सिस्टम विकसित किया जाए.
उक्त बात सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित सड़क सुरक्षा समिति के सदस्य सेवानिवृत्त आईएएस संदीप बंधोपाध्याय ने अधिकारियों से कही. आज कलेक्टर कार्यालय में सड़क सुरक्षा समिति सदस्यों की सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित सड़क सुरक्षा समिति के सदस्य सेवानिवृत्त आईएएस संदीप बंधोपाध्याय ने बैठक ली.
बैठक में बंधोपाध्याय ने शहर में यातायात जाम, ब्लैक स्पॉट, तकनीकी विकास, ई – चालान जैसे शहर के विभिन्न यातायात से जुड़े मामले के सिलसिलेवार जानकारी ली. उन्होंने बैठक में जिले में पिछले पांच सालों में सड़क दुर्घटनाओं, मृत्यु एवं घायलों की संख्या का विश्लेषण किया. इस दौरान ब्लैक स्पॉट्स का डेटा, वर्तमान स्थिति तथा सुधार कार्यों के प्रभाव पर भी चर्चा की गई. बैठक में कलेक्टर शिवम वर्मा, डीसीपी ट्रैफिक राजेश त्रिपाठी, अपर कलेक्टर रोशन राय, अपर आयुक्त नगर निगम आकाश सिंह, प्रखर सिंह, अभय राजनगांवकर सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे.
चालान काटने एप तैयार करें
बैठक में संजय बंदोपाध्याय ने कहा कि सड़क एवं यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान सहित प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थानों की मदद से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग करने और बढ़ाने की योजना बनाने का प्रस्ताव रखा. उन्होंने यातायात पुलिस को निर्देश दिए कि 40 करोड़ रुपए ई-चालान के लिए विदेशों की तर्ज पर जनता के बैंक खातों से काटने का एप तैयार कर आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करने करने सुझाव दिया.
नवाचारों के उपयोग साझा किए
उन्होंने सुझाव दिया कि भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान सहित अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों से मदद लेकर सड़क सुधार कार्यों में तेजी लाई जाए. बड़े शहरों के सफल नवाचारों के उपयोग अधिकारियों से साझा किए. उन्होंने सड़क दुर्घटना होने पर तत्काल पोर्टल पर जानकारी दर्ज करने और तुरंत एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए
