कटनी: रेलवे स्टेशन पर उस वक्त हड़कंप मच गया जब पटना-पुणे एक्सप्रेस से 165 से ज्यादा बच्चों को एक साथ उतारा गया। मामला की गंभीरता को देखते हुए रेलवे सुरक्षा बल, जीआरपीएफ, महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी कर्मचारी और बाल सुरक्षा अधिकारी और रेलवे के अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचे और सभी बच्चों को ट्रेन से नीचे उतारकर अपनी निगरानी में लिया गया है।
बाल सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि ट्रेन से उतारे गए नाबालिक बच्चों में अधिकांश मुस्लिम समुदाय के बताए गए है जिन्हें बिहार से महाराष्ट्र जा रहे थे। बच्चों के परिजनों को लेकर RPF और बाल सुरक्षा अधिकारी के अलावा बाल विकास कल्याण की टीम जांच करेगी हालांकि सभी बच्चों को महाराष्ट्र के एक मदरसे में ले जाया जा रहा था। आरपीएफ पुलिस को सूचना मिली थी कि सभी बच्चों को काम कराने के उद्देश्य से बिहार से महाराष्ट्र ले जाया जा रहा है जिस सूचना पर आरपीएफ जीआरपीएफ और बाल सुरक्षा के अधिकारी और रेलवे के अधिकारियों ने एक साथ कटनी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 5 पर कार्रवाई करते हुए सभी 167 बच्चों को ट्रेन से उतार लिया गया।
बच्चों के साथ मौजूद कई लोगों से फिलहाल गहन पूछताछ की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि बच्चों को किस उद्देश्य से और किन परिस्थितियों में ले जाया जा रहा था। सुरक्षा के मद्देनजर सभी 167 बच्चों को आरपीएफ थाने लाया गया है, जहां उनकी काउंसलिंग और जरूरी दस्तावेजों की जांच की जा रही है। साथ ही बाल सुरक्षा के अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम भी बच्चों की स्थिति पर नजर बनाए हुए है। पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन हर पहलू की जांच कर रहा है, ताकि किसी भी तरह की अनियमितता या मानव तस्करी जैसी आशंका को समय रहते रोका जा सके।
