
ब्यावरा। 10 अप्रैल से समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीदी का कार्य शुरु कर दिया गया. किंतु खरीदी केन्द्रों की तुलना में कृषि मंडियों में गेहूं की बम्पर आवक देखी गई, क्योंकि शादी ब्याह के सीजन में पैसो की सख्त आवश्यकता के चलते खरीदी केन्द्र की जगह मंडियों में गेहूं की दोगुना आवक रही है.
गौरतलब है कि समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी की तारीख बढ़ा देने से किसानों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा है. शादी ब्याह के सीजन व अन्य आवश्यक कार्यो में पैसो की आवश्यकता के चलते समर्थन मूल्य खरीदी का इंतजार किए बिना कृषि मंडी में काफी मात्रा में गेहूं का विक्रय किया जा रहा है.
पूर्व में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी की तारीख 1 अप्रैल तय की थी जिसे बढ़ाकर 10 अप्रैल कर दिया गया. तारीख बढ़ा देने से खरीदी को लेकर संशय की स्थिति निर्मित होने लगी. यही कारण है कि समर्थन मूल्य खरीदी के पूर्व बड़ी मात्रा में कृषि मंडियो में गेहूं की फसल को विक्रय हेतु लाया जा रहा है. साथ ही अभी पैसो की आवश्यकता भी है इसको देखते हुए समर्थन मूल्य पर खरीदी का इंतजार न करते हुए मंडी में गेहूं की उपज का विक्रय किया जा रहा है.
अप्रैल के 6 दिन में 76 हजार क्विंटल गेहूं की आवक
अप्रैल माह के चार दिन में स्थानीय कृषि मंडी में गेहूं की आवक 76 हजार क्विंटल से अधिक रही. समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीदी के पूर्व स्थानीय कृषि मंडी में गेहूं की बम्पर आवक हो रही है इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अप्रैल माह के चार दिन में मंडी में 54 हजार 507 हजार क्विंटल गेहूं की आवक रही. 4 अप्रैल को कृषि मंडी में गेहूं की आवक 13 हजार 409 क्विंटल, 5 अप्रैल को 11 हजार 551 क्विंटल, 7 अप्रैल को 16 हजार 107 क्विंटल, 8 अप्रैल को 13 हजार 440 क्विंटल तथा 9 अप्रैल को 11 हजार 401 तथा 10 अप्रैल को गेहूं की आवक 10 हजार 378 क्विंटल रही. इस तरह 6 दिन में कुल आवक 76 हजार 286 क्विंटल रही.
पहले दिन खरीदी केन्द्रों पर कम ही रही आवक
जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी हेतु 108 केन्द्र स्थापित किए गये है. पहले दिन शुक्रवार को खरीदी केन्द्रों पर गेहूं की आवक कम ही रही. कई जगह दो-तीन या तीन-चार ही ट्रेक्टर ट्रॉली आयी. वहीं दूसरी और कृषि मंडी में गेहूं की बम्पर आवक देखी गई.
