भोपाल: लोकभवन के मुख्य द्वार के पास बड़े तालाब की पाइप लाइन फूट गई. जिससे वहां से निकलने वालों में हडक़ंप मच गया. पानी का प्रेशर अधिक होने से सडक़ पर तालाब की तरफ भारी मात्रा में पानी बहने लगा था. जिससे वहां से निकलने वाले दो पहिया और चार पहिया वाहनों को कुछ देर के लिए रुकना पड़ा. इसकी सूचना नगर निगम को मिलने के बाद पंप हाउस पर मोटर को बंद कर दिया गया. उसके बाद ही वहां से वाहनों का निकलना शुरू हो सका. यह पंप हाउस और लीकेज वाला क्षेत्र जोन 5 के अंतर्गत आता है. वहीं फिल्टर प्लांट जोन 7 के अंतर्गत आता है.
5 एमजीडी फिल्टर प्लांट को सप्लाई
यह पाइप लाइन कमला पार्क स्थित पंप हाउस से बिड़ला मंदिर के पास स्थित 5 एमजीडी फिल्टर प्लांट को सप्लाई करती है. उक्त फिल्टर प्लांट से मालवीय नगर, न्यूमार्केट, 1250, सेकेंड स्टाप, पांच नंबर सहित अन्य क्षेत्रों में पानी की सप्लाई होती है. इन क्षेत्रों में लगभग 5 हजार परिवारों की पानी की पूर्ति इसी फिल्टर प्लांट से होती है.
10 साल पहले ही बिछी थी
सूत्रों के अनुसार यह पाइप लाइन लगभग 10 साल पहले ही बिछाई गई थी. जब यह लाइन बिछाई गई थी उस समय मधुकर त्रिवेदी इंजीनियर थे. उनके देखरेख में कार्य किया गया था. बिछाने के बाद पाइप लाइन तीस से चालीस वर्षों तक किसी भी तरह का कार्य नहीं मांगती है. जबकि यहां पर तो किसी भी तरह के भारी वाहन का निकलना भी नहीं होता है.
1965 की है पाइप लाइन: उदित गर्ग
इस पाइप लाइन के फूटने को लेकर नगर निगम के जलकार्य प्रभारी उदित गर्ग से बात की गई तो उन्होंने बताया कि यह पाइप लाइन 1965 में बिछाई गई थी. लगभग 60 वर्ष पुरानी हो चुकी है. यह पाइप लाइन कास्ट आयरन की है. जो इतनी आसानी से फूटती नहीं है. अभी यह नहीं कहा जा सकता कि फूटने का कारण क्या रहा है. जब कार्य शुरू होगा तब ही पता चलेगा की किस वजह से पाइप में लीकेज हुआ है. रात में 10 बजे के बाद कार्य शुरू किया जाएगा. जो दो से तीन घंटे में पूरा हो जाएगा. शहर में पानी की सप्लाई प्रभावित नहीं होगी. सभी का पानी नियमिति समय पर मिलेगा.
इनका कहना है
राजभवन के सामने पाइप लाइन लीकेज जानकारी मिली थी, छोटा सा लीकेज है, जल्द कार्य हो जाएगा. पानी सप्लाई में कोई व्यवधान नहीं आएगा.
तन्मय वशिष्ठ शर्मा, आईएएस,अपर आयुक्त नगर निगम भोपाल
पुरानी पाइप लाइन थी, किस वजह से लीकेज हुआ है, पता नहीं है. रात को 10 बजे से सुधार कार्य शुरू हो जाएगा. दो से तीन घंटे में कार्य पूरा हो जाएगा.
अजय सोलंकी, सब इंजीनियर, जलकार्य, जोन 5 नगर निगम भोपाल
