
नीमच। जिले में इन दिनों जिस घटना को लोग चमत्कार और रहस्य मान रहे थे, उसका अब पूरा सच सामने आ गया है। जीरन थाना क्षेत्र के दलपतपुरा झील के बीच स्थित रामझर महादेव मंदिर से संत कन्हैयालाल महाराज के रहस्यमयी तरीके से गायब होने की खबर ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी थी। घटना के बाद मंदिर परिसर में बनी कुटिया अंदर से बंद मिली थी। ना कोई खिडक़ी, ना दूसरा रास्ता ऐसे में संत के अचानक गायब होने को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई थीं। कई लोगों ने इसे चमत्कार और दैवीय घटना तक बता दिया था।
लेकिन सोशल मीडिया पर मामला सामने आने के बाद इस रहस्य से पर्दा उठ गया। संत कन्हैयालाल महाराज सिंगोली क्षेत्र के तिलस्वां महादेव मंदिर में सुरक्षित मिले। उन्होंने स्वयं अपने परिजनों को फोन कर अपनी कुशलता की जानकारी दी। इस पूरे मामले में जीरन थाना प्रभारी उमेश यादव ने बताया कि कन्हैयालाल महाराज सुरक्षित हैं और अपने परिजनों के पास वापस आ गए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि महाराज स्वयं सिंगोली क्षेत्र के तिलस्वां महादेव मंदिर चले गए थे। साथ ही कुटिया का दरवाजा अंदर से बंद करना भी उन्हीं द्वारा किया गया था।
