मुजफ्फरपुर | बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में एलपीजी गैस की किल्लत का फायदा उठाकर कालाबाजारी करने वाले एक संगठित गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। मुजफ्फरपुर पश्चिमी की डीएसपी सुचित्रा कुमारी के नेतृत्व में कांटी और मोतीपुर थाना की संयुक्त पुलिस टीम ने सोमवार देर रात मोतीपुर के नरियार इलाके में अचानक छापेमारी की। पुलिस की आहट मिलते ही अंधेरे का फायदा उठाकर धंधेबाज मौके से फरार होने में सफल रहे, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर अवैध रिफिलिंग के पूरे नेटवर्क को उजागर कर दिया है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह गिरोह सुनसान इलाकों में गैस टैंकरों से छोटे सिलेंडरों में असुरक्षित तरीके से रिफिलिंग कर बाजार में ऊंचे दामों पर बेच रहा था।
छापेमारी के दौरान पुलिस को मौके से नेपाल नंबर प्लेट वाला एलपीजी से भरा एक विशाल टैंकर बरामद हुआ है, जिससे इस काले कारोबार के अंतरराष्ट्रीय तार जुड़े होने की आशंका प्रबल हो गई है। इसके अलावा, पुलिस ने गैस सिलेंडरों से लदी एक बोलेरो पिकअप वैन, डिलीवरी के लिए इस्तेमाल होने वाला टोटो वाहन और रिफिलिंग के कई अत्याधुनिक उपकरण भी जब्त किए हैं। मौके से बड़ी संख्या में भरे हुए और खाली गैस सिलेंडर भी मिले हैं, जिन्हें अवैध रूप से बाजार में खपाने की तैयारी थी। नेपाल नंबर के टैंकर की मौजूदगी ने सुरक्षा एजेंसियों को भी चौकन्ना कर दिया है और अब इस पूरे सिंडिकेट के सीमा पार संपर्कों की गहनता से जांच की जा रही है।
डीएसपी सुचित्रा कुमारी ने बताया कि अवैध गैस रिफिलिंग न केवल आर्थिक अपराध है, बल्कि यह घनी आबादी वाले क्षेत्रों के लिए एक बड़ा सुरक्षा खतरा भी है। मोतीपुर थाने में इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर फरार आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज कर दी गई है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद नरियार और आसपास के इलाकों में अवैध गैस कारोबारियों में हड़कंप मच गया है। स्थानीय नागरिकों ने पुलिस के इस कदम का स्वागत किया है, क्योंकि गैस की कृत्रिम किल्लत और कालाबाजारी के कारण आम उपभोक्ताओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। पुलिस का दावा है कि जल्द ही गिरोह के मुख्य सरगनाओं को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

