जबलपुर: शहर की सड़कों पर इन दिनों तेज आवाज वाले मॉडिफाई साइलेंसर से लैस बाइकर्स का आतंक बढ़ता जा रहा है। देर रात तक गूंजती गाड़ियों की तेज आवाजें और पटाखों जैसी धमाके की ध्वनि आम नागरिकों के लिए परेशानी और भय का कारण बन रही हैं। बुजुर्ग, बच्चे और राहगीर इन तेज आवाजों से सहम उठते हैं।आजकल वाहनों में साइलेंसर के साथ छेड़छाड़ कर उन्हें असामान्य रूप से तेज आवाज करने लायक बना दिया जाता है। पुलिस द्वारा नियमित चेकिंग अभियान चलाने के बावजूद इन मॉडिफाई साइलेंसरों पर पूरी तरह रोक नहीं लग पाई है। जिसके कारण शहर की सड़कों, गलियों और कॉलोनियों में इनकी गूंज लगातार सुनाई दे रही है।
युवाओं का शौक, दूसरों के लिए खतरा
शहर की सड़कों में देखा जा रहा है कि कई युवा अपनी बाइक से पटाखों जैसी आवाज निकालकर रोमांच का अनुभव करते हैं। यह शौक अब दूसरों के लिए खतरा बनता जा रहा है। अचानक होने वाली तेज आवाजें लोगों में घबराहट पैदा करती हैं और आसपास का माहौल असुरक्षित महसूस होने लगता है।
बिना लाइसेंस और नाबालिगों की संख्या ज्यादा
गौरतलब है कि शहर में बड़ी संख्या में ऐसे युवा भी देखे जा रहे हैं, जिनके पास ड्राइविंग लाइसेंस नहीं है। जानकारी के अनुसार लगभग 30% युवा बिना लाइसेंस के वाहन चला रहे हैं। वहीं नाबालिग भी इस दौड़ में पीछे नहीं हैं और वे भी तेज रफ्तार व स्टंटबाजी करते नजर आते हैं। कई मामलों में इन्हीं के पास मॉडिफाई साइलेंसर वाली गाड़ियां देखी गई हैं।
यातायात पुलिस की कार्रवाई पर उठ रहे सवाल
शहर में रोजाना चेकिंग पॉइंट पर यातायात पुलिस द्वारा नियम उल्लंघन करने वाले वाहनों पर कार्यवाही की जाती है, लेकिन ये वाहन बच कर निकल जाते हैं। जिसको लेकर सवाल उठने लगे हैं कि आखिर यातायात पुलिस इन हुड़दंगियों पर सख्त कार्रवाई कब करेगी। शहरवासियों का कहना है कि यदि समय रहते कड़े कदम नहीं उठाए गए, तो यह समस्या और गंभीर रूप ले सकती है।
