जबलपुर: पावन नवरात्रि के अवसर पर मां बगलामुखी मंदिर में इन दिनों अद्भुत आध्यात्मिक दृश्य देखने को मिल रहा है। मंदिर परिसर में 1100 अखंड ज्योतियां प्रज्वलित हैं, जिनकी दिव्य रोशनी से पूरा वातावरण आलोकित हो उठा है। जैसे ही शाम ढलती है, दीपों की पंक्तियां मानो आस्था का सागर बन जाती हैं। महाआरती के समय “जय माता दी” के गगनभेदी जयकारों से पूरा परिसर गूंज उठता है और हर श्रद्धालु भक्ति में डूबा नजर आता है। दूर-दराज से पहुंचे भक्त श्रद्धा के साथ मां के दर्शन कर रहे हैं। श्रद्धालुओं का विश्वास है कि मां बगलामुखी की आराधना से सभी संकट दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। मंदिर में वर्षों पुरानी ज्योत और कलश स्थापना की परंपरा आज भी उसी श्रद्धा के साथ निभाई जा रही है। नवरात्रि के इस पावन अवसर पर जबलपुर पूरी तरह भक्ति और श्रद्धा के रंग में रंगा नजर आ रहा है।
श्री सिद्ध खेरमाई मंदिर में 151 जवारे कलश स्थापित
इसी कड़ी में श्री सिद्ध खेरमाई मंदिर में भी विशेष आयोजन हो रहे हैं। यहां 151 जवारे कलश स्थापित किए गए हैं और सुबह-शाम नियमित महाआरती से माहौल भक्तिमय बना हुआ है। अष्टमी पर विशाल भंडारा और नवमी को गौरी घाट में जवारे विसर्जन की तैयारियां जोरों पर हैं।
मां ज्वाला देवी मंदिर में प्रतिदिन हो रही महाआरती
वहीं गोरखपुर क्षेत्र स्थित मां ज्वाला देवी मंदिर में भी नवरात्रि का उल्लास चरम पर है। प्रतिदिन होने वाली महाआरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हो रहे हैं। पंचमी के दिन “ग्रीन थीम” ने विशेष आकर्षण पैदा किया, जहां श्रद्धालु हरे वस्त्रों में माता की भक्ति करते नजर आए। मंदिर परिसर में भक्ति, आस्था और उल्लास का संगम देखने को मिल रहा है। श्रद्धालुओं के अनुसार, इस दौरान मां के साक्षात दर्शन होने का अनुभव उनकी आस्था को और प्रगाढ़ बना रहा है। नवमी के दिन यहां भी विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा, जिसमें हजारों भक्तों के लिए प्रसाद की व्यवस्था की जा रही है।
