रतलाम: सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग, मध्य प्रदेश शासन द्वारा ‘वन डिस्ट्रिक्ट- वन प्रोडक्ट’ (ओडीओपी) पहल के अंतर्गत एमपी एमएसएमई (ओडीओपी) प्रगति समिट 2026’ का आयोजन सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य काश्यप के मुख्य आतिथ्य में रतलाम में किया गया।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि श्री कश्यप ने रतलाम की सेव के व्यवसाय को पहचान दिलाने के लिए किये गये कार्यों एवं रतलामी सेव को विश्व स्तर पर पहचान दिलवाने वाले व्यक्तियों/ व्यावसाईयो की जानकारी देते हुए कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लघु सूक्ष्म एवं मध्यम उद्यम को देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ मानते हैं और स्थानीय उद्यमों के विकास के लिए प्राथमिकता से काम करते हैं।
प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने उद्योगों के विकास को रफ्तार दी। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने स्थानीय उत्पादों को पहचान दिलाने के लिए प्राथमिकता से काम करते हुए उद्यमियों को प्रदेश में निवेश के लिए अनुकूल वातावरण देने के लिए औद्योगिक नीति को सरल बनाया है। उन्होंने उद्यमियों से अनुरोध किया कि वे जिले में आकर रतलाम की सेव के व्यवसाय को आगे बढ़ाने के काम में सहयोग करे। मध्य प्रदेश सरकार का वादा हैं कि आप एक कदम आगे बढाये, हम हर कदम पर आपके साथ है।
एमएसएमई मंत्री चेतन्य कश्यप ने कहा कि रतलाम की प्रसिद्ध सेव को जीआई टैग दिलाने की प्रक्रिया भले ही लंबी रही हो, लेकिन आज भी स्थानीय उद्यमी इसका पूर्ण लाभ नहीं उठा पा रहे हैं। उन्होंने उद्यमियों से अपील की है कि वे जीआई टैग का अधिकतम उपयोग कर अपने उत्पाद को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्थापित करें।सबका प्रयास हो कि रतलामी सेव का नाम ही नहीं ,काम भी विश्व स्तरीय हो।’एक जिला एक उत्पाद (ओडीओपी)’ योजना का मुख्य उद्देश्य जिले के पारंपरिक उत्पादों की ब्रांडिंग और मार्केटिंग कर उन्हें वैश्विक स्तर तक पहुंचाना है। समिट में रतलाम की सेव को जी आई टेग दिलवाने वाले शैलेन्द्र गाँधी का मंच पर मंत्री श्री काश्यप एवं रतलामी सेव मंडल के प्रतिनिधियों द्वारा स्वागत कर सम्मानित किया गया ।
कार्यक्रम का शुभारंभ एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप एवं अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। स्वागत उदबोधन मनोहर पोरवाल अध्यक्ष रतलामी सेव मंडल ने दिया। आयुक्त एमएसएमई दिलीप कुमार द्वारा कार्यक्रम में विभागीय पहलों एवं एमएसएमई क्षेत्र के विकास हेतु राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों पर प्रकाश डाला गया। कार्यक्रम में रतलामी सेव की उत्पत्ति, विकास यात्रा एवं विशिष्टताओं पर एक डिजिटल प्रस्तुति प्रदर्शित की गई, जिसने प्रतिभागियों को इसके ऐतिहासिक एवं व्यावसायिक महत्व से अवगत कराया गया। महापौर प्रहलाद पटेल, जिला अध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय, कलेक्टर मिशा सिंह, सीईओ जिला पंचायत वैशाली जैन, संयुक्त संचालक एमएमएमई उज्जैन अमरसिंह मोरे, महा प्रबंधंक उद्योग रतलाम अतुल वाजपेयी सहित उद्योगो से जुड़े विशेषज्ञ एवं जिले के उद्यमी उपस्थित थे।
विशेषज्ञों ने व्यवसाय को बढ़ाने पर रखे अपने विचार
इस समिट में जिले की पहचान ‘रतलामी सेव’ जो अपनी 136 वर्ष पुरानी विरासत एवं विशिष्टता के लिए देशभर में प्रसिद्ध है कि ब्रांडिंग, मार्केटिंग, निर्यात एवं मूल्य संवर्धन के माध्यम से राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने के लिए ब्रांडिंग, मार्केटिंग, पैकेजिंग एवं लॉजिस्टिक्स सत्र का आयोजन किया गया। इस सत्र में विशेषज्ञों ने रतलाम की सेव के व्यवसाय को बढ़ाने में सहयोग के लिए अपने विचार रखें। विशेषज्ञों द्वारा उत्पाद की ब्रांड वैल्यू बढ़ाने, आधुनिक पैकेजिंग, सप्लाई चेन दक्षता एवं रिटेल कनेक्टिविटी पर विस्तृत चर्चा की गई। उत्पादन, शेल्फ लाइफ, निर्यात एवं बीएसएम सत्र मे उत्पादन, गुणवत्ता, खाद्य सुरक्षा मानक, निर्यात अवसर एवं क्रेता-विक्रेता मीटिंग (बीएसएम) के महत्व पर चर्चा की गई।
