इंदौर: मेट्रो रेल सुरक्षा कमिश्नर ने आज दूसरे चरण को शुरू करने से पहले तकनीकी कार्यों का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने मेट्रो के इमरजेंसी स्टॉप, हेल्प प्वाइंट, सीसीटीवी इंटीग्रेशन और इमरजेंसी सर्विस की जांच की. आज मेट्रो रेल कमिश्नर सुरक्षा ने लगातार दूसरे दिन निर्माण कार्य और तकनीकी कार्य का निरीक्षण किया.दिल्ली मेट्रो के चीफ कमिश्नर सुरक्षा शनिवार से इंदौर में है. आज दूसरे दिन सीएमआरएस ने गांधी नगर डिपो में स्थित मेट्रो रेल के तकनीकी कार्यों की जांच की. इस दौरान उन्होंने सुरक्षा और ऑपरेशन सिस्टम के तकनीकी कार्यों में रेडियो सिग्नलिंग, सीसीटीवी इमिग्रेशन के साथ सीसीटीवी इमरजेंसी सर्विस, इमरजेंसी हेल्प प्वाइंट, यात्रियों लोकल गेट और स्टेशन पर प्लेटफार्म इंट्री एग्जिट की ऑपरेशनल कार्य को जांचा.
सीएमआरएस ने रूट के गेज अलॉयमेंट और रूट सेटिंग ट्रेक नियंत्रण के साथ सिग्नलिंग कंट्रोल सिस्टम को भी चालू करवा कर जांच की. सभी तकनीकी सिस्टम की जांच में यात्रियों की सुरक्षा की सीएमआरएस संचालन से पहल परख रहे हैं, ताकि संचालन के दौरान किसी प्रकार की घटना और समस्या नहीं आए. कमिश्नर निरीक्षण के बाद दूसरे चरण में मेट्रो को 17 किलोमीटर तक संचालन की अनुमति जारी करने केके लेकर इंदौर दौरे पर है. इसमें 11.5 किलोमीटर के दूसरे हिस्से पर संचालन शुरू करने को लेकर मध्य प्रदेश मेट्रो रेल अधिकारी अंतिम अनुमति के लिए प्रयासरत है.
तकनीकी कार्य पूरा हुआ
ध्यान रहे कि सुपर कॉरिडोर 03 से लेकर रेडिसन, मालवीय नगर चौराहे तक 11.5 किलोमीटर लंबी लाइन और 11 स्टेशन का निर्माण और तकनीकी कार्य पूरा हो गया है. उक्त दूसरे चरण में मेट्रो रेल का संचालन के लिए सीएमआरएस का दौरा चल रहा है, जो 18 मार्च तक चलेगा. दूसरे चरण के 11.5 किलोमीटर लंबी लाइन पर मेट्रो रेल का व्यवसायिक संचालन शुरू करना संभावित है.
