सिलवानी: गर्मी की शुरुआत के साथ ही क्षेत्र के जंगलों में पतझड़ का असर साफ दिखाई देने लगा है। पेड़ों से पत्ते झड़ जाने के कारण वन क्षेत्र काफी हद तक वीरान नजर आ रहे हैं। ऐसे में जंगलों में रहने वाले वन्य जीवों को भोजन और पानी की तलाश में भटकना पड़ रहा है।वन क्षेत्रों में इन दिनों बंदर और लंगूर जैसे जीव सूखी घास और गिरे हुए पत्तों से ही अपनी भूख मिटाने को मजबूर हैं। भोजन की कमी के कारण उन्हें पेड़ों की डालियों पर बैठकर काफी समय तक भोजन की तलाश करते देखा जा सकता है।
हालांकि जमीन पर पर्याप्त भोजन उपलब्ध नहीं है, लेकिन कुछ वृक्षों पर नई कोपलें और फूल आने लगे हैं, जो बंदर और लंगूरों के लिए पसंदीदा भोजन बन रहे हैं। इन पेड़ों की डालियों पर बैठकर वे नई पत्तियां और कोपलें खाकर अपनी भूख शांत कर रहे हैं।वन क्षेत्र में पानी के स्रोत भी कम होने लगे हैं, जिससे वन्य जीवों को और अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी बढ़ने के साथ ही वन्य जीव अक्सर जंगलों से निकलकर आसपास के क्षेत्रों में भी दिखाई देने लगते हैं।
