न्यूयार्क, 24 फरवरी (वार्ता) एक शक्तिशाली बर्फीले तूफान के कारण अमेरिका का पूर्वी हिस्सा बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इस बर्फीले तूफान ने शहरों को बर्फ से ढ़क दिया है, जिससे बिजली चली गयी, यातायात पंगु हो गया और स्कूल को बंद करना पड़ा। सोमवार को आये इस तूफान ने हवाई और जमीनी यात्रा को गंभीर रूप से बाधित कर दिया। न्यूयॉर्क क्षेत्र के हवाई अड्डे सबसे अधिक प्रभावित हुए और देश भर में हजारों उड़ानें रद्द कर दी गईं। इसके कारण देश की लगभग 20 प्रतिशत आबादी यानि को लगभग 6.5 करोड़ लोगों को अलर्ट पर रखा गया। फ्लाइट-ट्रैकिंग वेबसाइट फ्लाइटअवेयर के अनुसार, सोमवार रात नौ बजे तक अमेरिका के भीतर, अंदर या बाहर जाने वाली 5,700 से अधिक उड़ानें रद्द कर दी गई थीं। साथ ही 3,400 से अधिक उड़ानें विलंबित थीं। न्यूयॉर्क के जॉन एफ. कैनेडी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सबसे अधिक उड़ानें रद्द की गयीं, उसके बाद ला गार्डिया एयरपोर्ट और नेवार्क इंटरनेशनल एयरपोर्ट का स्थान रहा।
पावरआउटेज यूएस के अनुसार, सोमवार दोपहर को पूर्वी क्षेत्र में पांच लाख से अधिक घरों और व्यवसायों में बिजली नहीं थी। मैसाच्युटेस में सबसे अधिक लगभग 3,00,000 उपयोगकर्ताओं को बिजली कटौती का सामना कर रहे थे। प्रमुख कटौती का सामना करने वाले अन्य राज्यों में न्यू जर्सी, डेलावेयर, रोड आइलैंड, न्यूयॉर्क, मैरीलैंड और कनेक्टिकट शामिल थे। न्यूयॉर्क शहर के मेयर जोहरान ममदानी ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सोमवार दोपहर तक न्यूयॉर्क शहर में 16-19 इंच बर्फ गिरी। पूर्वी स्टेटन आइलैंड के कुछ हिस्सों में दो फीट से अधिक बर्फबारी दर्ज की गई। उन्होंने न्यूयॉर्क वासियों से घर पर रहने का आग्रह किया क्योंकि जमा हुए बर्फ ने यात्रा करना खतरनाक बना दिया है। अधिकारियों ने चेतावनी दी कि यह तूफान 150 वर्षों में शहर के 10 सबसे खराब तूफानों में शामिल हो सकता है, जिसके कारण मैनहट्टन में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय परिसर को भी बंद करना पड़ा। कम से कम सात राज्यों – न्यूयॉर्क, न्यू जर्सी, पेंसिल्वेनिया, डेलावेयर, कनेक्टिकट, रोड आइलैंड और मैसाचुसेट्स ने खराब मौसम के कारण आपातकाल की स्थिति घोषित कर दी है। कुछ ने वाणिज्यिक वाहनों पर प्रतिबंध और यात्रा प्रतिबंध लगाए हैं।

