
पड़ाना। पड़ाना में करीब तीन माह पूर्व मारपीट के मामले में घायल हुए युवक ने शनिवार को दम तोड़ दिया. युवक की मौत के बाद परिजन एवं मिलने-जुलने वालो में आक्रोश व्याप्त हो गया. उनके द्वारा आरोपी की गिरफ्तारी की मांग करते हुए सारंगपुर स्थित एसडीएम कार्यालय का घेराव किया. समझाईश के बाद परिजन माने.
जानकारी के अनुसार पड़ाना स्थित आवास कॉलोनी में निवासरत युवक कमल मरमट उम्र 35 वर्ष पिता नारायण सिंह मरमट का मोहल्ले में रहने वाले विजेंद्र सिंह पिता मानसिंह परमार नामक व्यक्ति के साथ गाय चराने को लेकर मामूली बात पर कहासुनी हो गई थी. जिसके चलते युवक कमल के साथ मारपीट की थी. जिसमें युवक को गंभीर चोट आने पर सारंगपुर शाजापुर अस्पताल के बाद इंदौर रेफर किया गया. जहां उसका उपचार चल रहा था. उस दौरान पुलिस ने एससी एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था. तत्पश्चात मारपीट करने वाले को गिरफ्तार किया गया.
आर्थिक परस्थिति से जूझ रहा परिवार
जानकारी के अनुसार परिजनों द्वारा युवक कमल का इलाज तीन माह तक इंदौर के निजी एवं सरकारी अस्पताल में चल रहा था उसके बाद स्वास्थ्य में सुधार नहीं होने पर डॉक्टरों ने युवक को घर ले जाने को कह दिया. एक माह से युवक कमल वर्मा अपने गांव पड़ाना था. तीन -चार माह से परिवार आर्थिक कठिनाईयों से जूझ रहा है. परिवार ने अपनी दो बीघा जमीन भी बेच दी. एक माह पहले युवक के पिता नारायण सिंह वर्मा ने भी दम तोड़ दिया. शुक्रवार को युवक की तबीयत बिगडऩे पर परिजन सारंगपुर अस्पताल ले गये. जहां रात्रि में उपचार के दौरान युवक ने दम तोड़ दिया. जानकारी मिलते ही समाजजन एवं परिजन सारंगपुर पहुंचे.
कार्यवाई की मांग लेकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे
मृतक का पीएम होने के बाद परिजन, रिश्तेदार, समाज बंधु पैदल चलकर सारंगपुर स्थित एसडीएम कार्यालय पहुंचे तथा अपनी मांगे रखी. आरोपी की गिरफ्तारी एवं मकान को ध्वस्त करने की मांग की गई. अधिकारीद्वय द्वारा कार्यवाई को लेकर आश्वस्त करने के बाद लोग माने. इसके बाद मृतक का गांव में अंतिम संस्कार किया गया.
एहतियात के तौर पर पुलिस बल बुलाया
बड़ी संख्या में लोग एसडीएम कार्यालय पहुंचे. इस दौरान एसडीएम, एसडीओपी, तहसीलदार, थाना प्रभारी आसपास थानों का पुलिस बल मौजूद रहा. मामले की गंभीरता एवं एहतियात के तौर पर तलेन, लीमा चौहान सहित आसपास तीन चार थानो से बल बुलाया गया.
आर्थिक मदद एवं बच्चो की पढ़ाई का आश्वासन
अधिकारीद्वय द्वारा परिजनों से चर्चा करते हुए आर्थिक सहायता एवं बच्चों की पढ़ाई हेतु आश्वस्त किया गया है. 50 हजार रुपये की राशि रेडक्रॉस द्वारा मंजूर की है जिसमें से 5 हजार रुपये की राशि मौके पर ही दी गई, शेष 45 हजार रुपये की राशि सोमवार को दिए जाने की बात कही है. साथ ही मृत युवक के दोनों बच्चों की पढ़ाई का खर्च भी शासन की और से वहन करने का आश्वासन दिया गया है. परिवार का जितना खर्च युवक के उपचार में हुआ है, उक्त राशि को भी शासन से दिलवाने हेतु आश्वास्त किया गया है.
