जबलपुर: बहुजन चेतना विकास मोर्चा ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर जिले में एकत्रित डिस्ट्रिक्ट माइनिंग फंड (डीएमएफ) की राशि के उपयोग और ग्राम मानेगाँव, ब्लॉक-चरगवां में हो रही अनियमित माइनिंग पर गंभीर सवाल उठाए हैं। प्रदेश अध्यक्ष राधे श्याम मेहरा ने ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि डीएमएफ के तहत प्राप्त राशि का उपयोग खनन प्रभावित क्षेत्रों के विकास के बजाय कलेक्टर कार्यालय भवन और कार्यालयीन उन्नयन में किया गया है, जो नियमों के विपरीत है।
मेहरा ने बताया कि जिले की सबसे बड़ी गिट्टी खदानें ग्राम मानेगाँव और आसपास के क्षेत्रों में संचालित हैं, जहां लगातार हो रहे अनियंत्रित विस्फोटों से आदिवासी परिवारों के मकानों को नुकसान पहुंच रहा है। भारी वाहनों की आवाजाही से सड़कों की हालत खराब हो रही है, वहीं खनन और परिवहन से उड़ने वाली धूल के कारण ग्रामीणों की फसलें प्रभावित हो रही हैं। स्थानीय लोगों में श्वास एवं फेफड़ों से जुड़ी बीमारियों के बढ़ने की भी शिकायत की गई है।
उन्होंने कहा कि ग्राम मानेगाँव, ब्लॉक-चरगवां क्षेत्र में अवैध एवं अनियंत्रित खनन और सतत विस्फोटों पर तत्काल प्रतिबंध लगाया जाए। डीएमएफ की राशि का उपयोग क्षेत्र की सड़कों, स्कूलों और अस्पतालों के विकास पर किया जाए। मोर्चा ने प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई की मांग करते हुए चेतावनी दी है कि समस्या का समाधान नहीं होने पर व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा।
