
मंडला । थाना टिकरिया अंतर्गत मधुवन ढाबा के पास मिले जबलपुर निवासी सुमित काछी के शव के मामले का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने मृतक की पत्नी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है। इश्क के जुनून में अंधी पत्नी ने न केवल हत्या की साजिश रची, बल्कि घायल पति को सहारा देने का नाटक करते हुए खुद अपने हाथों से उसकी गर्दन पर वार किया।
जानकारी अनुसार पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक सुमित काछी की पत्नी जमुना उर्फ कविता के संबंध पड़ोस के मंदिर के पुजारी सूर्यकांत से थे। दिलचस्प और दुखद पहलू यह है कि पुजारी से जमुना की पहचान सुमित ने ही कराई थी। संबंधों की भनक लगते ही घर में कलह शुरू हो गई, जिसके बाद जमुना और सूर्यकांत ने सुमित को रास्ते से हटाने का मन बना लिया।
मदद का ढोंग और पीछे से वार :
हत्या की पटकथा 11 फरवरी को लिखी गई। योजना के अनुसार जमुना अपने पति सुमित के साथ मंडला की ओर निकली। मधुवन ढाबा के पास प्रेमी सूर्यकांत पहले से घात लगाकर बैठा था। वहां विवाद के दौरान सूर्यकांत ने सुमित पर हमला कर उसे घायल कर दिया। जब सुमित जमीन पर गिरा, तो जमुना ने उसे संभालने का ढोंग किया और जैसे ही वह उसकी गोद में आया, जमुना ने पीछे से धारदार हथियार से उसकी गर्दन रेत दी।
गुमराह करने की कोशिश हुई नाकाम :
हत्या के बाद आरोपियों ने सबूत मिटाने का प्रयास किया। जमुना ने खुद 112 पर कॉल कर लूट और दुर्घटना की झूठी कहानी गढ़ी जिससे पुलिस का ध्यान भटक सके। हालांकि 14 फरवरी को शव मिलने के बाद जब एसपी रजत सकलेचा के निर्देशन में सायबर सेल और टिकरिया पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य जुटाए और जमुना से सख्ती से पूछताछ की, तो उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया।
पुलिस टीम की त्वरित कार्रवाई :
एसडीओपी निवास पीएल वालरे के मार्गदर्शन और थाना प्रभारी प्रदीप पांडेय के नेतृत्व में पुलिस ने दोनों आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया है। इस अंधे कत्ल का महज दो दिनों में खुलासा करने पर वरिष्ठ अधिकारियों ने पुलिस टीम की सराहना की है।
