
भोपाल। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मध्यप्रदेश में नक्सलवाद थमने संबंधी भाजपा सरकार के दावों को चुनौती दी है। उन्होंने कहा कि केवल घोषणाएँ सुशासन का प्रमाण नहीं होतीं और जमीनी हकीकत सरकार के दावों से अलग तस्वीर पेश कर रही है।
एक प्रेस वक्तव्य में श्री पटवारी ने कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सवाल उठाते हुए कई घटनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों पर हमलों, यहां तक कि थानों के भीतर हुई घटनाओं की ओर ध्यान दिलाया। साथ ही मऊगंज से भाजपा विधायक प्रदीप पटेल के लगभग 30 दिनों से लापता बताए जाने पर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि जब सत्तारूढ़ दल का जनप्रतिनिधि ही सुरक्षित नहीं है, तो आम नागरिक की सुरक्षा पर कैसे भरोसा किया जा सकता है।
पटवारी ने भोपाल में नाबालिग बच्चियों को नशीले पदार्थ देकर शोषण के मामलों, कई जिलों में लगातार पकड़ी जा रही ड्रग फैक्ट्रियों और अपराधों में प्रभावशाली राजनीतिक नाम सामने आने का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक भ्रष्टाचार को लेकर वरिष्ठ अधिकारियों की चिंताएँ भी सरकार के दावों को कमजोर करती हैं।
पटवारी ने लापता विधायक के मामले, संगठित अपराध और ड्रग्स नेटवर्क पर कार्रवाई, स्वतंत्र जांच तथा टोल प्रकरणों में पारदर्शिता की मांग की। उन्होंने कहा कि जनता को भाषण नहीं, ठोस परिणाम चाहिए।
