
भोपाल। पहाड़ी राज्यों में लगातार हो रही बर्फबारी का असर मध्यप्रदेश में साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। प्रदेश का बड़ा हिस्सा इन दिनों कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की चपेट में है। बीते दिन राज्य के आधे से अधिक जिलों में दिन का अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया, जिसके चलते कोल्ड डे की स्थिति बनी रही। स्थानीय मौसम केंद्र के अनुसार कल भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में घने से अति घने कोहरे और शीतलहर का प्रभाव बना रहेगा। छतरपुर जिले में अति घने कोहरे और कोल्ड डे की चेतावनी जारी की गई है, जबकि दतिया में कहीं-कहीं अति घना कोहरा और शीतलहर चलने की आशंका जताई गई है। ग्वालियर, रीवा, मऊगंज, सतना, पन्ना, टीकमगढ़ और निवाड़ी जिलों में भी घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। भिंड और मुरैना जिले कोहरे की चादर में लिपटे रह सकते हैं, वहीं उमरिया और राजगढ़ में घने कोहरे के साथ कोल्ड डे रहने की चेतावनी दी गई है। राजधानी भोपाल सहित विदिशा, रायसेन, सीहोर, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, सिंगरौली, सीधी, शहडोल, कटनी, दमोह, सागर और मैहर जिलों में भी कोहरा छाने के साथ तेज ठंड का असर बना रहेगा। घने कोहरे के चलते सुबह के समय कई जिलों में विजिबिलिटी बेहद कम दर्ज की गई, ग्वालियर-चंबल संभाग के भिंड, मुरैना, दतिया और ग्वालियर में दृश्यता 50 से 100 मीटर के बीच रही, जबकि बुंदेलखंड क्षेत्र के छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, पन्ना और सागर में कई स्थानों पर विजिबिलिटी 50 मीटर से भी कम दर्ज की गई। रीवा संभाग के रीवा, मऊगंज, सतना और मैहर में विजिबिलिटी 100 से 200 मीटर के बीच रही, वहीं भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर और आगर में सुबह के समय कोहरे के कारण दृश्यता 150 से 300 मीटर के बीच दर्ज की गई। महाकौशल और शहडोल संभाग के उमरिया, शहडोल, कटनी, दमोह, सिंगरौली और सीधी में भी कोहरे के चलते विजिबिलिटी 200 मीटर से कम रही। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर भारत से आ रही ठंडी हवाओं के कारण आगामी कुछ दिनों तक प्रदेश में ठंड और कोहरे का असर इसी तरह बना रह सकता है, जिससे जनजीवन के साथ-साथ सड़क और रेल यातायात भी प्रभावित होने की संभावना है।
