मुंबई | 02 जनवरी, 2026: रणवीर सिंह स्टारर फिल्म ‘धुरंधर’ इन दिनों अपनी ऐतिहासिक सफलता के साथ-साथ एक नए विवाद को लेकर चर्चा में है। फिल्म में इस्तेमाल किए गए ‘बलोच’ शब्द को म्यूट किए जाने के बाद यह खबरें उड़ने लगीं कि सरकार के दबाव में यह बदलाव किया गया है। हालांकि, भारत के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने अब आधिकारिक तौर पर स्पष्ट किया है कि फिल्म की कहानी या दृश्यों में सरकार की ओर से कोई हस्तक्षेप नहीं किया गया। मंत्रालय के अनुसार, यह फैसला पूरी तरह से फिल्म निर्माताओं की अपनी पहल और जिम्मेदारी पर लिया गया है, जिसे सेंसर बोर्ड ने तय नियमों के तहत अनुमति प्रदान की है।
मंत्रालय ने विस्तृत बयान जारी कर बताया कि फिल्म निर्माताओं ने खुद ‘बलोच’ शब्द को हटाने का प्रस्ताव रखा था। सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) ने सिनेमैटोग्राफ अधिनियम और निर्धारित दिशानिर्देशों के तहत इस प्रस्ताव की जांच की और इसे मंजूरी दी। सरकार ने साफ किया कि किसी भी सामाजिक या जातीय समूह को लेकर आपत्तिजनक संदर्भों से बचने के लिए यह कदम उठाना मेकर्स का अपना विवेक था। यह पूरी प्रक्रिया नियम 31 के अंतर्गत बिना किसी बाहरी दबाव के पूरी की गई है। इस स्पष्टीकरण के बाद उन अटकलों पर विराम लग गया है जिनमें सरकार पर सेंसरशिप का आरोप लगाया जा रहा था।
शब्द म्यूट किए जाने के बाद फिल्म का संशोधित नया वर्जन 1 जनवरी, 2026 से सिनेमाघरों में प्रदर्शित किया जा रहा है। दिलचस्प बात यह है कि इस बदलाव का फिल्म की लोकप्रियता पर कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ा है। ‘धुरंधर’ ने रिलीज के महज 27 दिनों में ही दुनिया भर में 1100 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर लिया है, जिससे यह 2026 की अब तक की सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर बन गई है। रणवीर सिंह के अभिनय की चौतरफा तारीफ हो रही है और विवादों के बावजूद दर्शक भारी संख्या में थिएटरों तक पहुँच रहे हैं, जिससे फिल्म के कलेक्शन में और उछाल की उम्मीद जताई जा रही है।

