शिवराज सिंह चौहान ने नए वर्ष पर अधिकारियों को दिलाया लक्ष्यपूर्ण सेवा का संकल्प

नयी दिल्ली, 01 जनवरी (वार्ता) केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नए वर्ष के पहले दिन अपने दोनों मंत्रालयों के अधिकारियों को लक्ष्यपूर्ण सेवा का संकल्प दिलाया, इसके साथ ही नया वर्ष 2026 केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण एवं ग्रामीण विकास मंत्रालयों के लिए नई ऊर्जा और संकल्प के साथ शुरू हुआ।

श्री चौहान ने गुरुवार को मंत्रालयों के सभी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान के अनुरूप ”सरकार फ़ाइलों में नहीं, जनता की लाइफ़ में दिखनी चाहिए” का संकल्प दोहराया। श्री चौहान ने कहा कि देश की 70 प्रतिशत से अधिक आबादी कृषि और ग्रामीण विकास मंत्रालयों से जुड़ी है, इसलिए हमारा हर कदम किसानों और ग्रामीणों की भलाई के लिए होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि टीम भावना से काम करते हुए साप्ताहिक लक्ष्य तय करें और पूरे वर्ष की कार्ययोजना भी तैयार करें, ताकि काम में तेजी और परिणामों में स्पष्टता लाई जा सके।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने सुधार की जो दिशा दी है, उसके अनुरूप प्रक्रियाओं का सरलीकरण कर जनता को राहत देना मंत्रालय की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि ऐसी कार्यप्रणाली अपनाई जाए, जिससे किसी भी व्यक्ति को अपने काम के लिए विभागों के चक्कर न लगाने पड़ें।

श्री चौहान ने कहा कि भारत की सोच आदर्श और उन्नत है- प्रधानमंत्री ने गुलामी के अंशों को मिटाने का जो आह्वान किया है, उसी भावना से ग्रामीण भारत को विकसित किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सीड एक्ट और पेस्टीसाइड एक्ट की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जाए ताकि संसद सत्र में इन विधेयकों को प्रस्तुत किया जा सके और किसानों को सीधी राहत मिले।

केंद्रीय मंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि योजनाओं की राशि जारी करने से पहले राज्यों से पूर्ण विचार-विमर्श किया जाए, ताकि पारदर्शिता और सही उपयोग सुनिश्चित हो सके। राज्यों के कृषि विकास के लिए समयबद्ध रोड़मैप तैयार करने के भी निर्देश दिए गए।

श्री चौहान ने ”विकसित भारत – जी राम राम जी” योजना के अंतर्गत आदर्श गांवों के विकास पर जोर देते हुए कहा कि ग्रामीण भारत के सर्वोत्तम विकास कार्य अब देश के लिए प्रेरणास्रोत बनेंगे। उन्होंने कहा कि कृषि विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा विकसित की जाए तथा आईसीएआर को इस वर्ष से ग्रेडिंग व्यवस्था लागू करनी चाहिए, जिससे उत्कृष्टता की भावना को प्रोत्साहन मिले।

केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों का आह्वान किया कि वे नए वर्ष में दृढ़ संकल्प और लक्ष्यबद्ध दृष्टि के साथ कार्य करें, ताकि किसानों और ग्रामीणों के जीवन में वास्तविक परिवर्तन लाया जा सके।

 

 

Next Post

परमार्थ और देशभक्ति का भाव हो, युवाओं को किताबी ज्ञान से ज्यादा जरूरी व्यवहारिक और वास्तविक ज्ञान : सीएम डॉ. यादव

Thu Jan 1 , 2026
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जीव मात्र का समग्र कल्याण ही मानवता का पहला लक्ष्य है। जियो और जीने दो हमारे जीवन का शाश्वत दर्शन है। हमारे यहां नैतिक शिक्षा, राष्ट्रभक्ति और संस्कारयुक्त जीवन पद्धति की एक लंबी परम्परा रही है। यह हम भारतीयों का स्व-अनुशासन […]

You May Like