इंदौर: शहर के अपार्टमेंट और सोसायटियों में बढ़ती छोटी बड़ी वारदातों को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कसने की तैयारी शुरू कर दी है. डीसीपी ज़ोन-3 की अगुआई में क्षेत्र की 260 में से 125 से अधिक सोसायटियों के प्रेसिडेंट, सेक्रेटरी और रहवासियों के साथ एक विस्तृत समन्वय बैठक आयोजित की गई. बैठक का संदेश था अब सुरक्षा में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी.
बैठक में डीसीपी ज़ोन-3 राजेश व्यास, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त रामस्नेही मिश्रा, एसीपी संयोगितागंज तुषार सिंह, एसीपी कोतवाली विनोद दीक्षित, टीआई तुकोगंज जितेंद्र यादव और टीआई पलासिया सुरेंद्र रघुवंशी मौजूद रहे. पुलिस अधिकारियों ने सोसायटी प्रतिनिधियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और सुरक्षा को लेकर जरूरी निर्देश दिए. डीसीपी व्यास ने कहा कि बदलते शहरी माहौल में अपराध के तरीके भी बदल रहे हैं.
ऐसे में पुलिस और नागरिकों की साझेदारी ही सबसे मजबूत हथियार है. उन्होंने साफ किया कि हर अपार्टमेंट में हाई-रेजोल्यूशन सीसीटीवी कैमरे, नाइट विजन और 24 घंटे रिकॉर्डिंग अनिवार्य होनी चाहिए. मुख्य गेट, पार्किंग, लिफ्ट लॉबी और बच्चों के पार्क पर कैमरे चालू हालत में रहें और कम से कम 15 से 30 दिन का बैकअप सुरक्षित रखा जाए. इस दौरान उन्होंने प्रवेश व्यवस्था पर भी सख्ती के निर्देश दिए. साथ ही यह भी कहा कि हर सोसायटी में प्रशिक्षित गार्ड, आगंतुकों की एंट्री रजिस्टर में पूरी जानकारी और डिलीवरी बॉय व अन्य कर्मचारियों का सत्यापन जरुर किया जाए.
साथ ही किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि दिखते ही 100 या 112 पर सूचना देने दें. वहीं महिला और बच्चों की सुरक्षा पर खास जोर देते हुए पुलिस ने नियमित सीसीटीवी ऑडिट, खेल मैदानों की निगरानी और महिला सुरक्षा ऐप के उपयोग को बढ़ावा देने की बात कही. नए साल को लेकर भी पुलिस ने साफ किया कि रात 10 बजे के बाद शोर-शराबा और ड्रिंक एंड ड्राइव पर सख्त कार्रवाई होगी. बैठक में मौजूद नागरिकों ने पुलिस की पहल की सराहना करते हुए सुरक्षा में पूरा सहयोग देने का भरोसा जताया.
