सीहोर। आज हिन्दू धर्म को जातियों से ऊपर उठकर एकजुट होना चाहिए, सनातन धर्म की रक्षा सबका संकल्प है. अनेक वीरों ने देश की रक्षा और सनातन धर्म के लिए कुर्बानी दी है. वीर साहिबजादों ने राष्ट्र, धर्म और सनातन संस्कृति की रक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया. गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के चारों साहिबजादों का अदम्य साहस और त्याग युगों-युगों तक राष्ट्रभक्ति, धर्मनिष्ठा और कर्तव्यबोध का मार्ग प्रशस्त करता रहेगा.
उक्त विचार सिंधी कालोनी में जारी सात दिवसीय भागवत कथा के पांचवे दिवस मालवा माटी के प्रसिद्ध संत गोविन्द जाने ने कहे।
उन्होंने कहाकि साहिबजादों ने आक्रांताओं के सामने शीश न झुकाकर भारत की एकता, अखंडता और धर्म की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान दिया. आज हमें एक बार फिर से ऐसे त्याग और कुर्बानी करने वालों के पथ का अनुसरण करना चाहिए. कथा के दौरान उन्होंने भक्त नरसी की भक्ति का प्रसंग बताते हुए कहाकि भगवान के प्रति भक्त नरसी का भरोसा ही उसकी आस्था का परिणाम था. भगवान भी विश्वास और आस्था से प्रकट हो जाते है. अगर आप भगवान के प्रति आस्था व विश्वास रखते हैं तो यह सत्य है कि भगवान आपके दुख दिनों में आपका सहारा बनेंगे. इसलिए हमें ईश्वर-वादी व सात्विक होना चाहिए।उन्होंने कहाकि मनुष्य जब अच्छे कर्मों के लिए आगे बढ़ता है तो संपूर्ण सृष्टि की शक्ति समाहित होकर मनुष्य के पीछे लग जाती है. और हमारे सभी कार्य सफल होते हैं.
विधायक राय ने किया कथावाचक का सम्मान
उधर,श्रीमद भागवत ज्ञान गंगा यज्ञ कार्यक्रम में पहुंचकर विधायक सुदेश राय और समाजसेविका अरूणा राय ने कथा का श्रद्धालुओं के साथ बैठकर श्रवण किया. उन्होंने कथा वाचक संत गोविन्द विनोद नागर का शॉल श्रीफल भेंटकर फूलमालाऐं पहनाकर सत्कार किया. आयोजक गोदन सरकार हनुमान मंदिर सेवा समिति द्वारा कथा आयोजन कराने पर विधायक सुदेश राय और अरूणा राय ने श्रद्धालुओं का अभिवादन कर समिति का आभार किया.
