
भोपाल: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मध्य प्रदेश आगमन पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कानून-व्यवस्था को लेकर केंद्र और भाजपा-शासित राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है और जनता भय, अपराध व असुरक्षा के माहौल में जीने को मजबूर है।
पटवारी ने कहा कि अमित शाह का प्रदेश में स्वागत है, लेकिन मध्य प्रदेश की जनता के ऐसे पाँच अहम सवाल हैं, जिनसे भाजपा सरकार वर्षों से बचती रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि गृह विभाग केवल कागज़ों और प्रचार तक सीमित रह गया है।
उन्होंने बताया कि राज्य में 20 हजार से अधिक पुलिस पद रिक्त पड़े हैं, जिससे अपराध लगातार बढ़ रहे हैं, इसके बावजूद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने अब तक कोई ठोस हस्तक्षेप नहीं किया। एनसीआरबी के आंकड़ों का हवाला देते हुए पटवारी ने कहा कि महिलाओं और आदिवासियों के खिलाफ अपराधों में मध्य प्रदेश देश के शीर्ष राज्यों में शामिल है, फिर भी कोई विशेष सुरक्षा योजना नहीं बनाई गई।
आदिवासी बहुल जिलों में अत्याचार निवारण अधिनियम के मामलों में गिरफ्तारी, चार्जशीट और सजा की दर बेहद कमजोर बताते हुए उन्होंने पुलिस व्यवस्था की जवाबदेही पर सवाल उठाए। उन्होंने मंदसौर के मल्हारगढ़ थाने का उदाहरण देते हुए पुलिस रेटिंग की विश्वसनीयता पर भी प्रश्नचिह्न लगाया।
पटवारी ने दावा किया कि प्रदेश में 23 हजार से अधिक बेटियां लापता हैं और 575 से ज्यादा बलात्कार के आरोपी खुले घूम रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार गृह विभाग संभालने में विफल रही है और प्रदेश को खोखले भाषणों नहीं, बल्कि जवाबदेह पुलिस व्यवस्था की जरूरत है।
