
उज्जैन। चाइना डोर पर प्रतिबंध के बाद भी कई लोगों द्वारा अब भी घातक डोर से पतंगबाजी की जा रही है। एक बार फिर परीक्षा देकर लौट रहे छात्र का गला कट गया। छात्र के गले में 10 टांके लगाए गए हैं। इससे पहले भी दो घटना सामने आ चुकी है। पुलिस द्वारा चाइना डोर बेचने वालों की धरपकड़ भी की जा रही है।
झारड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम पिपलिया धूमा का रहने वाला योगेश पिता ईश्वरसिंह आंजना विक्रम यूनिर्वसिटी से एग्रीकल्चर द्वितीय वर्ष का अध्ययन कर रहा है। शनिवार को थर्ड सेमेस्टर की परीक्षा होने पर यूनिर्वसिटी पहुंचा था। जहां से दोपहर में परीक्षा देने के बाद दोस्त मनीष आंजना के साथ अपने गांव लौट रहा था। आगररोड खिलचीपुर नाके पर अचानक चाइना डोर गले पर आकर टकराई, वह बाइक रोक पाता उससे पहले खूनी डोर ने गला रेंत दिया। लहूलुहान होने पर दोस्त मनीष तत्काल लोगों की मदद से योगेश को चरक अस्पताल लेकर पहुंचा। गले पर घाव गहरा होने पर डॉक्टरों ने 10 टांके लगाकर उपचार के लिये भर्ती किया। योगेश के साथ हुई घटना का पता चलते ही परिवार के लोग अस्पताल पहुंच गये थे। दिसंबर माह के प्रथम सप्ताह में कलेक्टर द्वारा चाइना डोर पर 2 माह का प्रतिबंध लगाया है, बावजूद डोर की मौजूदगी सामने आ रही है। 12 दिन पहले जीरो पाइंट ब्रिज पर छात्र का गला कट गया था, इससे पहले हरिफाटक ब्रिज पर स्कूटी सवार महिला गंभीर हादसे का शिकार होने से बच गई थी। विदित हो कि 2022 में 15 जनवरी को जीरो पाइंट ब्रिज पर गल्र्स कॉलेज की छात्रा नेहा आंजना का चाइना डोर से गला कटने पर मौत हो गई थी।
