
जबलपुर। सिंधी धर्मशाला में अवैध निर्माण किये जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की गयी थी। हाईकोर्ट जस्टिस विशाल मिश्रा की एकलपीठ ने अवैध निर्माण तोड़ने के संबंध में परिपालन रिपोर्ट पेश करने के आदेश जारी किये है। एकलपीठ ने कहा है कि अगली सुनवाई में परिपालन रिपोर्ट पेश नहीं की गयी तो निगमायुक्त व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रहे।
नेपियर टाउन निवासी जितेन्द्र मखीजा की तरफ से दायर याचिका में कहा गया था कि घंटाघर स्थित सिंधी धर्मशाला में अवैध निर्माण किया गया है। जिसकी विधिवत अनुमति नगर निगम से नहीं प्राप्त की गयी है। याचिका में राहत चाही गयी थी कि अवैध निर्माण को हटाया जाये। याचिका पर पूर्व में हुई सुनवाई के दौरान नगर निगम की तरफ से बताया गया था कि अवैध निर्माण को तीन दिनों में हटाने के संबंध में पत्र जारी किया गया है। तीन दिनों में अवैध निर्माण नहीं हटाया जाता है तो नगर निगम के द्वारा सख्त कार्यवाही की जायेगी। एकलपीठ ने नगर निगम को अवैध निर्माण हटाने के संबंध में परिपालन रिपोर्ट पेश करने के आदेश जारी किये थे।
याचिका पर सुनवाई के दौरान नगर निगम की तरफ से परिपालन रिपोर्ट पेश करने के लिए सात दिनों का समय प्रदान करने का आग्रह किया गया। एकलपीठ ने आग्रह को स्वीकार करते हुए उक्त आदेश जारी किये। याचिका पर अगली सुनवाई 18 दिसंबर को निर्धारित की गयी है।
