जबलपुर: मप्र हाईकोर्ट के जस्टिस डीडी बंसल की एकलपीठ ने रिटायर्ड कर्मी की कटौती की गई राशि न लौटाने के मामले को सख्त से लिया। एकलपीठ ने मामले में प्रमुख सचिव लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण संदीप यादव व नरसिंहपुर सीएमएचओ मनीष कुमार मिश्रा सहित अन्य को अवमानना नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण पेश करने के निर्देश दिये है।
यह अवमानना का मामला याचिकाकर्ता नरसिंहपुर निवासी सुशीला वंशकार की ओर से दायर किया गया है। जिनकी ओर से कहा गया कि वे शासकीय शाला में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के रूप में कार्यरत थी। इसके बाद सेवानिवृत्त हो गई। विभाग ने सेवानिवृत्ति लाभों से रिकवरी कर ली। चूंकि सेवानिवृत्ति के उपरांत रिकवरी हाईकोर्ट व सुप्रीम कोर्ट के न्यायदृष्टांतों के अनुरूप अनुचित है, जिस पर हाईकोर्ट की शरण ली गई थी।
न्यायालय ने उनके पक्ष में राहतकारी आदेश देते हुए 60 दिन के भीतर आठ प्रतिशत ब्याज सहित राशि लौटाने का आदेश पारित किया था। लेकिन एक वर्ष गुजरने के बाद भी राशि नहीं लौटाई गई। इसीलिए अवमानना याचिका दायर की गई है। जिसे गंभीरता से लेते हुए न्यायालय ने अनावेदकों को अवमानना नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण पेश करने के निर्देश दिये है।
