जबलपुर: हिमालय की वादियों में हो रही बर्फबारी के साथ उत्तर पूर्व की ओर से आ रहीं 3-4 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से तेज सर्द हवाओं ने शहर की ठंडक में और तेजी बढ़ा दी है। दिन में जहां तेज ठंड का अहसास होने लगा है तो वहीं शाम ढलते ही तीखी ठंड भी शहरवासियों को झेलनी पड़ रही है। स्थानीय मौसम विभाग के विशेषज्ञों की माने तो आने वाले 5 से 6 दिन तक पारा सामान्य से नीचे ही रहेगा और ठंड अपने शबाब पर होगी।
उधर दूसरी तरफ तेज ठंड ने शहर में हड्डी रोग से जुड़े मरीजों की संख्या भी बढ़ा दी है , इतना ही नहीं बच्चों को विंटर डायरिया भी जोरों पर पकड़ रहा है जिसका नतीजा है कि मेडिकल कॉलेज अस्पताल और जिला अस्पताल विक्टोरिया की पीडियाट्रिक विभाग की ओपीडी में बच्चों की संख्या अधिक नजर आ रही है। वहीं शहर के निजी शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टर्स के क्लीनिकों में भी भीड़ नजर आ रही है। आलम ये है कि मरीजों के परिजन मेडिकल, विक्टोरिया में लंबी लाइन में खड़े नजर आ रहे हैं।
इस तरह होंगे बचाव
शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टर्स की माने तो विंटर डायरिया से बचाव के लिए हाथों की सफाई, साफ पानी और स्वच्छ खाद्य पदार्थों का सेवन करना व सॉफ्ट ड्रिंक्स से परहेज लोगों को अपने बच्चों के लिए करना चाहिए। क्योंकि जितना बच्चे साफ सफाई से रहेंगे उतना ही वे विंटर डायरिया से दूर रहेंगे। जानकारी के अनुसार विंटर डायरिया का अटैक जब बच्चों में होता है तो उन्हें सबसे पहले दस्त आना, पेट में ऐंठन, बुखार, उल्टी होना, पानी की कमी जैसा महसूस होने लगता है। उधर हड्डी रोग विशेषज्ञों की माने तो बुजुर्गों को और हड्डी रोग से ग्रसित मरीजों को ठंड में गर्म कपड़े विशेष रूप से पहनना चाहिए और समय समय पर चोट वाली जगह मालिश करना चाहिए।
