
भोपाल। एमपीनगर थाना पुलिस ने फर्जी स्टॉम्प बेंचने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है. शासन को राजस्व नुकसान पहुंचाने वाले गिरोह पर पुलिस ने कार्यवाही की है. पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. दुकान संचालक और संबंधित वकीलों जो फरार चल रहे हैं. उनकी तलाश में पुलिस की टीम जुटी है.
एसीपी जोन-2 मनीष भारद्वाज ने मामले में जानकारी देते हुए बताया कि मंगलवार को सूचना मिली कि सारनाथ कॉम्पलेक्स में मामा चेम्बर्स और ए.एम इंटर प्राईजेस उपयोग हो चुके चिपकाने वाले स्टाम्प की बिक्री कराते हैं. मौके पर पहुंची पुलिस को दुकान में उपयोग हो चुके चिपकाने वाले स्टाम्प, स्टाम्प पेपर्स जिस पर नोटरी एडवोकेट हैमेन्द्र तिवारी और नोटरी एडवोकेट पवन प्रकाश शर्मा के कोरे स्टाम्प पेपर्स, हरे पेपर्स और सफेद पेपर्स पर हस्ताक्षर है एवं नौटरी की सील, स्टाम्प रजिस्टर मिले. सभी सामाग्रियों को जब्त किया गया है.
भारद्वाज ने बताया कि दुकान पर मौके पर मिले प्रीतम प्रजापति ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि दुकान के मालिक आकाश साहू और विकास साहू है, जो स्टाम्प खरीदने व बेचने का काम करते है और स्टाम्प वेंडर सुषमा साहू है. सुषमा साहू के कोरे स्टाम्प पेपर्स, हरे पैपर्स और सफेद पेपर्स पर नौटरी एडवोकेट्स हैमेन्द्र तिवारी एवं पवन प्रकाश शर्मा हस्ताक्षर कर देते है. दुकान पर उपयोग हो चुके चिपकाने वाले स्टाम्पस को आकाश साहू व विकास साहू दकान में रखकर बेंचते है.
मामले में पुलिस को पता चला कि चिपकाने वाले स्टाम्पस को कुटरचित कर उपयोग कर शासन को राजस्व दिये बिना स्टाम्प बेचकर आर्थिक लाभ लिया जा रहा था. इसी दुकान के बगल में मामा चेम्बर्स के नाम से दुकान है, जहां पर उपयोग हो चुके चिपकाने वाले स्टाम्पस और स्टाम्पस पैपर को गलत तरीके से बेंचने की भी जानकारी मिली. यहां पर स्टाम्पस पेपर्स की फोटो कापी करके कुटरचित कर नकली को असली के रुप में प्रयोग करके बेंचा जा रहा था. इस दुकान पर मौके पर मिले व्यक्ति ने अपना नाम नरेश शहरिया बताया. उसने पूछताछ पर बताया कि पिछले एक साल से वह यहां काम करता है. दुकान के मालिक और स्टाम्प वेंडर मामा उर्फ गणेश लोंगरे है, जो स्टाम्प खरीदने व बेंचने का काम करता है. पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है.
