इंदौर: आज हाईकोर्ट ने बीआरटीएस सड़क और अतिक्रमण नहीं हटाने को लेकर नाराजगी जताई है. हाईकोर्ट ने उक्त मामले में कलेक्टर और निगमायुक्त को कोर्ट में उपस्थित होने के निर्देश जारी किए हैं.हाईकोर्ट की डबल बेंच विनय कुमार शुक्ला और विनोद कुमार द्विवेदी ने 26 नवंबर को जिला कलेक्टर शिवम वर्मा और निगम आयुक्त दिलीप कुमार यादव को उपस्थित होने के निर्देश दिए है.
वरिष्ठ अधिवक्ता अजय बागड़िया ने बताया कि शहर के यातायात जाम को लेकर हाईकोर्ट ने बीआरटीएस हटाने में लेटलतीफी की जा रही है. बागड़ियां ने बताया कि कोर्ट ने सरकारी वकील से जवाब मांगा है कि तोड़ने में एक्सपर्ट लगते है क्या? जबलपुर में सरकार के तरफ से हलफनामा दिया गया है कि बीआरटीएस को सरकार हटा देगी. इसके बावजूद बीआरटीएस को हटाने में समय क्यों लग रहा है. तोड़ने के लिए विशेषज्ञ बुलाया है?
26 नवंबर को होना है उपस्थित
वरिष्ठ अधिवक्ता अजय बागड़िया ने बताया कि यातायात जाम और अतिक्रमण को लेकर याचिका की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने कलेक्टर और निगम आयुक्त को 26 नवंबर को समस्त जानकारी के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं.
