इंदौर: शहर के जोन-2 क्षेत्र में अपराध नियंत्रण और असामाजिक गतिविधियों पर नकेल कसने के लिए पुलिस ने विशेष अभियान चलाया है. अभियान का उद्देश्य सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना, संदिग्धों पर सख्त निगरानी रखना और नागरिकों के बीच भरोसा बढ़ाना है. अभियान के तहत ड्रोन पेट्रोलिंग, पैदल गश्त और जनसंवाद कार्यक्रमों के जरिए पुलिस लगातार क्षेत्र की मॉनिटरिंग कर रही है.
अभियान के दौरान जोन-2 के सभी थाना क्षेत्रों में सक्रिय अपराधियों, निगरानी बदमाशों और संदिग्ध व्यक्तियों पर कड़ी नजर रखी गई. पुलिस टीमों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए 39 गुंडा चेक, 20 चाकूबाज चेक और 21 निगरानी बदमाशों की जांच की। 47 संदिग्धों को पूछताछ के लिए थानों पर लाया गया, जिनमें से 11 पर कार्रवाई की गई. इसके अलावा 5 चिन्हित गुंडा-बदमाशों और 2 चाकूबाजों पर भी कार्रवाई हुई. हॉटस्पॉट और शैडो क्षेत्रों में 88 स्थानों की चेकिंग की गई, जबकि 17 मल्टियों की तलाशी, 5 स्थायी व 15 गिरफ्तारी वारंट तामील किए गए.
इसी तरह यातायात अनुशासन बनाए रखने के लिए शराब पीकर वाहन चलाने वाले 33 चालकों पर कार्रवाई की गई और उनके वाहन जब्त किए गए. बिना नंबर प्लेट, तीन सवारी और अन्य यातायात उल्लंघन पर 25 वाहनों के चालान बनाए गए. सार्वजनिक स्थानों पर शराब सेवन करने वाले 5 और नशे की हालत में पकड़े गए 2 व्यक्तियों पर भी कार्रवाई हुई. ड्रोन पेट्रोलिंग जोन-2 अभियान की प्रमुख कड़ी बनी हुई है. सभी थाना प्रभारियों को नियमित पेट्रोलिंग करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि भीड़भाड़ वाले बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और संवेदनशील इलाकों में रियल-टाइम निगरानी की जा सके.
लसूडिया, खजराना, विजय नगर, एमआईजी और परदेशीपुरा क्षेत्रों में ड्रोन पेट्रोलिंग व पैदल मार्च के जरिए संदिग्धों से पूछताछ और खुले में नशा करने वालों पर कार्रवाई की गई. जनसहभागिता को बढ़ावा देने के लिए जोन-2 क्षेत्र में मोहल्ला मीटिंग्स और जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिनमें नागरिकों को नशे के दुष्परिणाम, अपराध की रोकथाम और सुरक्षित समाज निर्माण के प्रति जागरूक किया जा रहा है. पुलिस अधिकारी अमरेन्द्र सिंह का कहना है कि अभियान का लक्ष्य अपराधियों पर नियंत्रण के साथ-साथ नागरिकों में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना है. सूचना देने वाले नागरिक की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी.
